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मुख्यमंत्री डॉ. यादव अभ्युदय इंडस्ट्री लीडरशिप कॉन्क्लेव 2026 में हुए शामिल

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मुख्यमंत्री डॉ. यादव अभ्युदय इंडस्ट्री लीडरशिप कॉन्क्लेव 2026 में हुए शामिल
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत आगे बढ़ रहा है। मध्यप्रदेश के प्रत्येक क्षेत्र में विकास की अपार संभावनाएं विद्मान हैं। औद्योगिक निवेश प्राप्त करने, सोलर एनर्जी उत्पादन, कृषि उत्पादन सहित अनेक मामलों में मध्यप्रदेश, देश का अग्रणी राज्य है। उन्होंने कहा कि विकसित भारत@2047 में मध्यप्रदेश की भूमिका महत्वपूर्ण होगी। हमारी सरकार ने मध्यप्रदेश को 1 ट्रिलियन डॉलर की इकोनॉमी बनाने का लक्ष्य रखा है। इसके लिए सभी क्षेत्रों के लिए 25 वर्षों का दृष्टिपत्र तैयार किया गया है। प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय अभी 1 लाख 55 हजार रुपए है। अगले 25 साल में इसे 22 लाख 50 हजार करने का लक्ष्य है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि हम कृषि क्षेत्र में लंबे समय से अग्रणी है, लेकिन एमएसएमई प्रदेश के औद्योगिक विकास की रीढ़ (बैक बोन) है। राज्य सरकार एमएसएमई और लघु-कुटीर उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सोमवार को कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में आयोजित ‘अभ्युदय इंडस्ट्री लीडरशिप कॉन्क्लेव 2026’ में एक निजी मीडिया संस्थान के संपादक प्रफुल्ल केटकर के साथ चर्चा में यह विचार व्यक्त किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने चर्चा के दौरान प्रदेश की प्रगति, औद्योगिक विकास और जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन से संबंधित प्रश्नों का बेबाकी से उत्तर दिया।

प्रदेश में लागू की 18 नई औद्योगिक नीतियों की विशेषताओं पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य में औद्योगिक विकास बड़े शहरों के साथ छोटे शहरों तक भी पहुंचे, इसके लिए संभागीय स्तर पर अलग-अलग सेक्टर्स पर केंद्रित रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव आयोजित की गई हैं। माइनिंग, टेक्सटाइल, टूरिज्म सहित अनेक क्षेत्रों में विकास की अपार संभावनाएं हैं। कटनी और शहडोल में माइनिंग सेक्टर में निवेश के लिए देश के शीर्ष उद्योगपति आगे आए हैं। नर्मदापुरम के बाबई-मोहासा में इलेक्ट्रिकल इक्विपमेंट्स तैयार करने के लिए औद्योगिक क्षेत्र विकसित हो रहा है, जहां उद्योग शुरू करने के लिए तेजी से निवेशक आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश का युवा रोजगार देने वाले बनें, इसलिए स्वरोजगार और युवा उद्यमियों को विभिन्न योजनाओं के माध्यम से प्रोत्साहन दिया जा रहा है। प्रदेश में धार्मिक पर्यटन को भी नई गति मिली है। होम-स्टे से पर्यटकों को सुविधा मिलने के साथ ग्रामीणों को रोजगार के अवसर भी मिल रहे हैं। यही कारण है कि प्रदेश में बेरोजगारी दर तेजी से घट रही है। अब मध्यप्रदेश मात्र 1 से डेढ़ प्रतिशत बेरोजगारी दर वाला राज्य है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश में एमएसएमई सेक्टर को प्रोत्साहन देने के साथ ही रोजगार आधारित उद्योग स्थापित करने पर निवेशकों को विशेष अनुदान दिया जा रहा है।

कृषक कल्याण वर्ष में किसानों की समृद्धि का संकल्प
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि किसानों की समृद्धि के लिए कृषि उत्पादन के साथ फूड प्रोसेसिंग और पशुपालन को प्रोत्साहित किया जा रहा है। कृषक कल्याण वर्ष में हमारा संकल्प है कि प्रदेश के किसान आत्मनिर्भर और समृद्ध हों। पशुपालन और दूध उत्पादन बढ़ाने के लिए नई योजनाओं को लागू कर रहे हैं। राज्य सरकार ने प्रदेश में दूध उत्पादन 9 प्रतिशत से बढ़ाकर 20 प्रतिशत तक करने का लक्ष्य रखा है। राज्य का सिंचाई रकबा तेजी से बढ़ रहा है। पिछले डेढ़ साल में ही 7.5 लाख हैक्टेयर सिंचाई का रकबा बढ़ा है, इसे 100 लाख हैक्टेयर तक पहुंचाने का लक्ष्य है। नर्मदा का जल क्षिप्रा नदी में पहुंचने से मालवा अंचल के किसानों को भी लाभ मिला है।

नवकरणीय ऊर्जा उत्पादन में बन रहे आत्मनिर्भर
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश नवकरणीय ऊर्जा उत्पादन में देश में तीसरे स्थान पर आ चुका है। उत्तर प्रदेश के साथ मिलकर मुरैना में सोलर एनर्जी का बड़ा प्रोजेक्ट स्थापित किया जा रहा है। दोनों राज्य 6-6 महीने इससे निर्मित बिजली का उपयोग करेंगे। किसानों को सोलर पंप देकर बिजली के मामले में आत्मनिर्भर बना रहे हैं। ग्रीनगो कंपनी ने आंध्र प्रदेश के बाद देश में दूसरा पंप स्टोरेज मंदसौर के गांधी सागर बांध में लगाया है, जिसे 2 साल की अल्प अवधि में पूर्ण किया गया है। मध्यप्रदेश पड़ौसी राज्यों के साथ बेहतर संबंध स्थापित करते हुए जल बंटवारे, नदी जोड़ो अभियान और नशे के खिलाफ अभियान चला रहा है।

प्रदेश के समग्र विकास को गति प्रदान करेगा बजट
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश विधानसभा के बजट सत्र की शुरुआत हो गई है। राज्य सरकार ने 5 साल में प्रदेश का बजट दोगुना करने का लक्ष्य रखा है। आगामी 18 फरवरी को राज्य सरकार बजट पेश करेगी, जो प्रदेश के समग्र विकास को गति प्रदान करेगा। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विकास के लिए शहरीकरण और औद्योगिकरण दोनों आवश्यक हैं। इंदौर और भोपाल में मेट्रोपोलिटन एरिया विकसित किए जा रहे हैं। सरकार ने पहले औद्योगिकरण पर जोर दिया, क्योंकि जब उद्योग स्थापित होंगे तो शहर भी विकास करते जाएंगे।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री शाह के नेतृत्व में मध्यप्रदेश 31 मार्च की डेडलाइन से पहले नक्सलवाद से मुक्त होने वाला पहला राज्य बना है। इस उपलब्धि में हमारी हॉक फोर्स और पुलिस के जवानों की अहम भूमिका रही है। अब दोबारा नक्सलवाद प्रदेश की धरती पर न पनपे, इसके लिए समेकित रूप से विकास योजनाएं बनाकर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।

युवाओं के कौशल उन्नयन पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि औद्योगिक गतिविधियों बढ़ने से भविष्य में हमें बड़े पैमाने पर कुशल कामगारों की आवश्यकता होगी। इसके लिए शिक्षा नीति 2020 लागू करने के बाद सरकार युवाओं के कौशल उन्नयन के लिए विशेष व्यवस्था कर रही है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश आर्टिफीशियल इंटेलिजेंस के सकारात्मक उपयोग और भावी चुनौतियों से निपटने के लिए तैयार है। तकनीक को प्रोत्साहित करने के लिए इंजीनियरिंग कॉलेजों में आईटी सेंटर खोलने की शुरुआत हुई है। हम युवाओं को तकनीकी रूप से मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध है।

संवाद कार्यक्रम में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य काश्यप विशेष रूप से उपस्थित थे। भारत प्रकाशन के प्रबंध निदेशक अरुण कुमार गोयल ने सभी का आभार व्यक्त किया।

आस्था, संस्कृति और रामकथा से आलोकित हुआ राजिम कुंभ कल्प 2026

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आस्था, संस्कृति और रामकथा से आलोकित हुआ राजिम कुंभ कल्प 2026
छत्तीसगढ़ के प्रयाग राजिम की पावन धरा पर आयोजित राजिम कुंभ कल्प 2026 में आस्था, संस्कृति और अध्यात्म का अद्भुत संगम देखने को मिला। त्रिवेणी संगम के पावन तट पर आयोजित सांस्कृतिक संध्या में सुप्रसिद्ध कलाकार एवं भगवान श्रीराम की भूमिका से जनमानस में विशेष पहचान रखने वाले अरुण गोविल ने “सुनो राम कहानी” की भावपूर्ण प्रस्तुति दी, जिससे संपूर्ण परिसर भक्ति और श्रद्धा के दिव्य वातावरण से ओतप्रोत हो उठा।

इस अवसर पर अरुण गोविल ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आत्मीय भेंट की तथा राजिम कुंभ कल्प के भव्य आयोजन और उत्कृष्ट व्यवस्थाओं की सराहना की। मुख्यमंत्री साय ने उन्हें स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। गोविल ने कहा कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक विरासत, जनआस्था और लोगों का आत्मीय स्नेह उनके लिए अविस्मरणीय अनुभव रहा।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि राजिम कुंभ कल्प केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि हमारी सनातन परंपरा, सांस्कृतिक विरासत और आध्यात्मिक चेतना का जीवंत उत्सव है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार आस्था, संस्कृति और पर्यटन के संरक्षण-संवर्धन के लिए निरंतर प्रतिबद्ध है तथा ऐसे आयोजनों के माध्यम से छत्तीसगढ़ की पहचान राष्ट्रीय स्तर पर और सशक्त हो रही है।

कार्यक्रम में खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल, संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, महासमुंद सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी, राजिम विधायक रोहित साहू सहित अनेक जनप्रतिनिधियों, संत-महात्माओं एवं श्रद्धालुओं की गरिमामयी उपस्थिति थी।

उल्लेखनीय है कि राजिम कुंभ कल्प 2026 के माध्यम से छत्तीसगढ़ की समृद्ध सांस्कृतिक पहचान, धार्मिक पर्यटन और आध्यात्मिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिल रही है। राज्य सरकार द्वारा आयोजित यह महोत्सव आस्था, संस्कृति और पर्यटन संवर्धन का सशक्त माध्यम बनकर उभर रहा है।

17 फरवरी से CBSE बोर्ड 10वीं-12वीं परीक्षा शुरू

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17 फरवरी से CBSE बोर्ड 10वीं-12वीं परीक्षा शुरू
सीबीएसई कक्षा दसवीं और बारहवीं की बोर्ड (CBSE Board Exam 2026) परीक्षा 17 फरवरी मंगलवार से शुरू होंने वाली है। इसमें करीब 46 लाख से ज्यादा शामिल होंगे। परीक्षा की शुरुआत सुबह 10:30 बजे होगी। स्टूडेंट्स को सुबह 10:00 बजे तक एग्जामिनेशन हॉल में प्रवेश करना होगा। इसके बाद किसी भी उम्मीदवार को प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। परीक्षा शुरू होने से पहले केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने स्कूलों और छात्रों के लिए महत्वपूर्ण नोटिस जारी किया है।

दरअसल, सीबीएसई को कुछ अनुरोध मिले हैं, जिसमें कुछ वजह से साथ कक्षा दसवीं से पहले बोर्ड एग्जाम में नहीं बैठ पाएंगे। साथ ही दूसरे बोर्ड परीक्षा में बैठने की मांग कर रहे हैं। इसे लेकर बोर्ड ने स्पष्टीकरण जारी किया है। सभी छात्रों को पहले बोर्ड परीक्षा में शामिल होना होगा।

सभी पास हुए या पात्र स्टूडेंट्स को विज्ञान, गणित, सोशल साइंस और लैंग्वेज में से किसी भी तीन सब्जेक्ट में अपनी परफॉर्मेंस सुधारने की अनुमति होगी। अगर कोई छात्र पहले एग्जाम में तीन या इससे ज्यादा सब्जेक्ट में शामिल नहीं हुआ है, तो उसे दूसरे परीक्षा में बैठने की इजाजत नहीं दी जाएगी। ऐसे छात्रों को “एसेंशियल रिपीट” कैटेगरी में रखा जाएगा। वे अगले साल फरवरी महीने में होने वाली मुख्य परीक्षा में शामिल हो पाएंगे।

स्कूलों को सख्त निर्देश जारी
सीबीएसई ने सभी परीक्षा केंद्रों को एडमिट कार्ड के मुताबिक में विषयों का प्रश्न पत्र देने का निर्देश दिया है। बोर्ड ने कहा कि विषय में कोई बदलाव नहीं होना चाहिए। गणित स्टैन्डर्ड, गणित बेसिक, इंग्लिश, हिंदी, संस्कृत, उर्दू वगैराह विषयों के पेपर प्रवेश पत्र में जैसे विषयों के दो अलग-अलग सब्जेक्ट कोड होते हैं। लेकिन इनका सिलेबस अलग होता है। स्कूलों को सुनिश्चित करना होगा कि प्रश्न पत्र बांटते समय कोई गड़बड़ी न हो। इस दौरान सावधानी बरतना अनिवार्य होगा। यदि कोई स्टूडेंट बोर्ड द्वारा जारी निर्देशों के खिलाफ एग्जाम देता है, तो उसकी परीक्षा भी रद्द कर दी जाएगी। इसी के हिसाब से छात्र का रिजल्ट तैयार किया जाएगा। सीबीएसई दे निर्देशों का अनुपालन न करने वाले स्कूलों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

17 फरवरी भौमवती अमावस्या, सूर्य ग्रहण और पंचक भी

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17 फरवरी भौमवती अमावस्या, सूर्य ग्रहण और पंचक भी
7 फरवरी 2026 को फाल्गुन अमावस्या, सूर्य ग्रहण और अग्नि पंचक भी लग रहे हैं. मंगलवार होने से इस दिन भौमवती अमावस्या होगी. पितरों की पूजा और मांगलिक दोष से मुक्ति पाने के लिए ये दिन सर्वश्रेष्ठ माना जाता है.

साल का पहला सूर्य ग्रहण इस दिन कुंभ राशि में लग रहा है लेकिन ये भारत में दिखाई नहीं देगा. साथ ही आज से पंचक शुरू हो रहे हैं ऐसे में अगले 5 दिन तक कोई भी मांगलिक कार्य, नई चीजों की खरीदारी, नया काम शुरू न करें.

सूर्य ग्रहण का समय – दोपहर 3.36 से शाम 7.57 तक रहेगा (भारतीय समयानुसार)

कहां दिखेगा सूर्य ग्रहण
अंटार्कटिका महाद्वीप और दक्षिणी महासागर के आसपास के दूरस्थ क्षेत्रों में दिखेगा. वहीं, आंशिक सूर्य ग्रहण दक्षिण अमेरिका , दक्षिण अफ्रीका, दक्षिण अटलांटिक महासागर, दक्षिणी प्रशांत महासागर तथा अंटार्कटिका के अन्य भागों में दिखेगा.

ईरान के सपोर्ट में आया तालिबान, ट्रंप को दी बड़ी चेतावनी

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ईरान के सपोर्ट में आया तालिबान, ट्रंप को दी बड़ी चेतावनी
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से बार-बार ईरान को दी जा रही सैन्य धमकी के बाद मिडिल ईस्ट में एक और जंग की सुगबुगाहट तेज हो गई है. हालांकि दोनों देशों के प्रतिनिधि मंगलवार (17 फरवरी 2026) को जिनेवा में फिर से बातचीत की टेबल पर साथ आएंगे. इस सब के बीच अफगानिस्तान की तालिबान सरकार ने कहा है कि अगर अमेरिका हमला करता है तो वह ईरान का साथ देंगे. तालिबान सरकार के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने रविवार (15 फरवरी 2026) को ये भी कहा कि ईरान और अफगानिस्तान के बीच जंग नहीं होनी चाहिए.

ईरान के साथ आया तालिबान
रेडियो ईरान की पश्तो सर्विस को दिए इंटरव्यू में जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा, ‘अमरिकी हमले के बाद अगर ईरान ने मदद मांगी तो काबूल तेहरान का साथ देगा. पिछले साल इजरायल के साथ लड़ाई में ईरान की जीत हुई थी.’ उन्होंने कहा कि ईरान हर हाल में अमेरिका के हमले का जवाब देगा और जीतेगा. दूसरी तरफ ट्रंप का कहना है कि ईरान जल्द से जल्द परमाणु समझौता करे नहीं तो अमेरिका सैन्य कार्रवाई करेगा.

ईरान-अमेरिका में किन बातों को लेकर टकराव
अमेरिका चाहता है कि ईरान यूरेनियम एनरिचमेंट पूरी तरह से बंद कर दे. ईरान के उप विदेश मंत्री माजिद तख्त-रवांची ने इसे लेकर अमेरिका के सामने शर्त रखी है. उन्होंने कहा कि तेहरान अमेरिका के साथ परमाणु समझौते के लिए तैयार हो जाएगा, अगर वशिंगटन ईरान पर से प्रतिबंध हटाने पर चर्चा करने को तैयार हो जाए. उन्होंने ये भी दोहराया कि वाशिंगटन और इजरायल के दबाव के बावजूद ईरान अपने बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम पर चर्चा नहीं करेगा.

ईरान को अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार: तालिबान
तालिबान प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद का कहना है कि अमेरिका और ईरान को बातचीत के जरिए परमाणु समझौता का हल खोजना चाहिए. उन्होंने कहा, ‘अफगानिस्तान चाहता है कि डिप्लोमैटिक तरीके सभी मुद्दों का हल निकाला जाए, हालांकि ईरान को अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार है. ईरान और अफगानिस्तान एक लंबी सीमा शेयर करते हैं. खास बात ये है कि ईरान में अफगान शरणार्थियों को लेकर तनावपूर्ण माहौल है फिर भी तालिबान अफगानिस्तान के सपोर्ट में खड़ा है.’

असम चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका

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असम चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका
असम विधानसभा चुनाव (Assam Assembly Election) से पहले कांग्रेस (Congress) को एक और बड़ा झटका लगा है। गोलपारा वेस्ट से तीन बार के विधायक अब्दुर राशिद मंडल (Abdur Rashid Mandal) ने आज, सोमवार, 16 फरवरी को कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया। उनसे पहले आज सुबह रिपुन बोरा (Ripun Bora) और फिर भूपेन कुमार बोरा (Bhupen Kumar Borah) ने भी पार्टी से इस्तीफा दे दिया। हालांकि कुछ घंटों बाद ही भूपेन कुमार बोरा ने अपना इस्तीफा वापस ले लिया।

रायजोर दल में हुए शामिल
कांग्रेस छोड़ने के बाद अब्दुर ने अखिल गोगोई (Akhil Gogoi) की अगुवाई वाली क्षेत्रीय पार्टी रायजोर दल (Raijor Dal) में शामिल होने का फैसला लिया है। 2020 में रायजोर दल की स्थापना हुई थी।

कांग्रेस में खलबली
अब्दुर के इस्तीफे के बाद कांग्रेस में खलबली मच गई है। असम में जल्द ही विधानसभा चुनाव होने वाले हैं और ऐसे में पार्टी के 3 बार के विधायक के इस्तीफे से कांग्रेस को नुकसान होना तय है। सीएम हिमंता बिस्वा सरमा (Himanta Biswa Sarma) ने दावा किया है कि चुनाव से पहले कांग्रेस के कई विधायक पार्टी छोड़ सकते हैं।

मुंबई बम धमाके का दोषी अबू सलेम की रिहाई याचिका सुप्रीम कोर्ट ने खारिज की

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मुंबई बम धमाके का दोषी अबू सलेम की रिहाई याचिका सुप्रीम कोर्ट ने खारिज की
1993 में हुए मुंबई बम धमाके का दोषी गैंगस्टर अबू सलेम (Abu Salem) को सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) से बड़ा झटका लगा है। सुप्रीम कोर्ट ने उसकी अग्रिम रिहाई की याचिका पर सुनवाई से इनकार करते हुए उसे खारिज कर दिया। इससे पहले 10 दिन पूर्व बॉम्बे हाई कोर्ट भी उसकी जमानत याचिका खारिज कर चुका था।

सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी, अबू सलेम की रिहाई याचिका खारिज
सुप्रीम कोर्ट की दो जजों की पीठ जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस संदीप मेहता ने याचिका खारिज करते हुए कड़ी टिप्पणी की। पीठ ने कहा, “आपको टाडा (आतंकवादी और विघटनकारी गतिविधियां अधिनियम) के तहत सजा मिली है। आप समाज का कोई भला करने के लिए जेल में नहीं हैं।” कोर्ट ने स्पष्ट किया कि सजा की गणना और संबंधित दस्तावेजों के आधार पर मामले की सुनवाई बॉम्बे हाई कोर्ट को ही करनी चाहिए। साथ ही, अंतरिम जमानत या शीघ्र सुनवाई के लिए भी हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाने की सलाह दी गई।

25 साल की सजा का तर्क
अबू सलेम ने अपनी याचिका में दलील दी थी कि पुर्तगाल से प्रत्यर्पण समझौते के तहत उसकी सजा 25 वर्ष से अधिक नहीं हो सकती। उसने दावा किया कि वह 25 साल या उससे अधिक की सजा पूरी कर चुका है, इसलिए उसे रिहा किया जाए। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने इस दलील को स्वीकार नहीं किया।

बॉम्बे हाई कोर्ट से भी मिल चुका है झटका
इससे पहले बॉम्बे हाई कोर्ट ने भी उसकी इमरजेंसी पैरोल याचिका खारिज कर दी थी। दरअसल, अबू सलेम अपने भाई के निधन के बाद अंतिम संस्कार और अन्य धार्मिक रीति-रिवाजों में शामिल होने के लिए आजमगढ़ जाना चाहता था। कोर्ट ने उसे पुलिस एस्कॉर्ट चार्ज के रूप में 17.60 लाख रुपये जमा करने का निर्देश दिया था, लेकिन राशि जमा न कर पाने के कारण उसकी पैरोल और जमानत याचिका दोनों खारिज कर दी गईं।

रश्मिका मंदाना और विजय देवरकोंडा की रोमंटिक फिल्में

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रश्मिका मंदाना और विजय देवरकोंडा की रोमंटिक फिल्में
बॉलीवुड की पॉपुलर जोड़ी रश्मिका मंदाना और विजय देवरकोंडा की शादी की खबरें सामने आ रही हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक, कपल फरवरी 2026 में शादी के बंधन में बंधने वाले हैं. सोशल मीडिया पर अब उनके शादी के कार्ड भी वायरल होने लगे हैं. जैसे ही रश्मिका और विजय की लव स्टोरी की चर्चा होती है फैंस को उनकी ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री और प्यार की कहानी याद आ जाती है. अब इस कहानी को देखना और आसान हो गया है. इन ओटीटी प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध हैं कपल की फिल्में.

‘गीता गोविंदम’ से शुरू हुई थी प्रेम कहानी
रश्मिका और विजय पहली बार ‘गीता गोविंदम’ में साथ नजर आए थे. ये फिल्म 2018 में रिलीज हुई थी और बॉक्स ऑफिस पर ब्लॉकबस्टर रही थी. फिल्म में दोनों की ऑन-स्क्रीन केमिस्ट्री को क्रिटिक्स और लोगों ने खूब पसंद किया था. अब ये मूवी डिज्नी + हॉटस्टार पर फ्री में स्ट्रीम की जा रही है. वहीं तेलुगु फिल्म का हिंदी वर्जन जी5 पर उपलब्ध है.

डियर कॉमरेड में था रोमांस और एक्शन का तड़का
‘गीता गोविंदम’ की सफलता के बाद रश्मिका और विजय ने ‘डियर कॉमरेड’ में साथ काम किया था. ये फिल्म 2019 में रिलीज हुई थी. ये फिल्म रोमांस और एक्शन का बेहतरीन मिश्रण पेश करती है. फिल्म का निर्देशन भरत कम्मा ने किया था और बॉक्स ऑफिस पर इसे भी अच्छा रिस्पॉन्स मिला था. इसे आप अमेजन प्राइम वीडियो पर देख सकते है.

आने वाली फिल्म
‘डियर कॉमरेड’ के बाद दोनों ने किसी फिल्म में साथ काम नहीं किया है. लेकिन अक्सर एक-दूसरे के प्रोजेक्ट्स को प्रमोट करते नजर आए हैं. रिपोर्ट्स के मुताबिक, वे जल्द ही राहुल संक्रित्यन की VD14 में ऑन-स्क्रीन रीयूनियन कर सकते हैं. इस प्रोजेक्ट में विजय की एंट्री कन्फर्मेशन हो चुकी है.

शादी की खबर और फैंस का उत्साह
रश्मिका और विजय की शादी की खबर उनके डेटिंग रूमर्स के छह साल बाद आई है. अब तक दोनों ने अपने रिश्ते को सार्वजनिक तौर पर कन्फर्म नहीं किया था. रिपोर्ट्स के अनुसार कपल 26 फरवरी 2026 में उदयपुर में शादी करने वाले हैं.

टी20 वर्ल्ड कप में राशिद खान ने रचा इतिहास

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टी20 वर्ल्ड कप में राशिद खान ने रचा इतिहास
राशिद खान (Rashid Khan) ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में इतिहास रचते हुए वर्ल्ड रिकॉर्ड कायम कर दिया. अफगानिस्तान के राशिद टी20 क्रिकेट के इतिहास में 700 विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज बन गए. टी20 विश्व कप का 28वां लीग मैच सोमवार (16 फरवरी) को अफगानिस्तान और यूएई के बीच खेला गया. मैच में राशिद ने यूएई के मुहम्मद अरफान का विकेट लेते ही 700 विकेट का आंकड़ा छू लिया.

इस मैच से पहले राशिद ने टी20 क्रिकेट में 699 विकेट चटका लिए थे. फिर यूएई के खिलाफ मुकाबले में 16वें ओवर में राशिद ने अरफान को आउट कर कमाल कर दिया. मैच में राशिद ने सिर्फ एक ही विकेट अपने नाम किया. फॉर्मेट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले खिलाड़ियों की लिस्ट में वेस्टइंडीज के ड्वेन ब्रावो 631 विकेट के साथ दूसरे पायदान पर हैं.

राशिद खान ने कम मैच में चटकाए ज्यादा विकेट
राशिद ने 518 टी20 मुकाबलों में 700 विकेट पूरे किए. वहीं दूसरे पायदान पर मौजूद ब्रावो 582 मैचों में 631 विकेट चटकाए. इस तरह राशिद ने कम मैचो में ज्यादा विकेट अपनी झोली में डाले.

टी20 में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले गेंदबाजों की लिस्ट
राशिद खान- 700 विकेट (518 मैच)
ड्वेन ब्रावो- 631 विकेट (582 मैच)
सुनील नरेन- 613 विकेट (583 मैच)
इमरान ताहिर- 572 विकेट (448 मैच)
आंद्रे रसेल- 508 विकेट (590 मैच)

मैच का हाल
दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में अफगानिस्तान ने टॉस जीतकर गेंदबाजी करने का फैसला किया. पहले बैटिंग के लिए उतरी यूएई की टीम ने 20 ओवर में 160/9 रन बोर्ड पर लगाए. टीम के लिए शोएब खान ने सबसे बड़ी पारी खेलते हुए 48 गेंदों में 6 चौके और 4 छक्कों की मदद से 68 रन स्कोर किए. वहीं अफगानिस्तान के लिए अजमतुल्लाह उमरजई ने सबसे ज्यादा 4 विकेट चटकाए.

फिर रन चेज के लिए उतरी अफगान टीम ने 19.2 ओवर में 162/5 रन बनाकर 5 विकेट से जीत अपने खाते में डाल ली. टीम के लिए इब्राहिम जादरान ने सबसे बड़ी पारी खेलते हुए 53 रन स्कोर किए. इसके अलावा उमरजई ने भी 40* रनों की पारी खेली. शानदार बॉलिंग और बैटिंग के लिए उमरजई को ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ के खिताब से नवाजा गया.

इंडिया AI इम्‍पैक्‍ट एक्‍सपो का PM मोदी ने किया उद्घाटन

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इंडिया AI इम्‍पैक्‍ट एक्‍सपो का PM मोदी ने किया उद्घाटन
इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 की सोमवार को शुरुआत हो गई है. ग्लोबल साउथ में पहली बार हो रही इस समिट का पीएम नरेंद्र मोदी ने शाम को उद्घाटन किया है. एआई इम्पैक्ट समिट 2026 का आयोजन भारत मंडपम में किया जा रहा है. समिट 16 से 20 फरवरी तक चलेगी. इस पांच दिन के कार्यक्रम में एआई सुरक्षा, गवर्नेंस, डेटा सिक्योरिटी जैसे तमाम मुद्दों के डेवलपमेंट को लेकर चर्चा की जाएगी.

इस समिट में 15 से 20 देशों के राष्ट्राध्यक्ष, 50 से ज्यादा मंत्री और 40 से ज्यादा भारतीय और वैश्विक स्तर के सीईओ भाग लेंगे. इनमें माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक, गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई, बायोकॉन ग्रुप के अध्यक्ष किरण मजूमदार शॉ और ओपन AI सीईओ सैम ऑल्टमैन भी शामिल होंगे. इनमें फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों भी शामिल हैं.

इस दौरान युवा एआई प्रोग्राम का भी आयोजन किया जाएगा. यह एक ग्लोबल यूथ चैलेंज है. इस समिट का उद्देश्य छात्रों और युवा पेशेवरों में एआई की जागरुकता फैलाना है. इस चैलेंज में करीबन 38 देश से 2500 एप्लिकेशन आई हैं. इसमें 20 लोगों का चयन इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय की तरफ से किया जाएगा. इनमें 15 टीम भारत से हैं. इन शीर्ष फाइनलिस्ट का सिलेक्शन 2025 में किया गया था.

अगले पांच दिन इन प्रोग्राम्स पर रहेगा फोकस
पांच दिन चलने वाली इस समिट में कई सेमिनार आयोजित किए जाएंगे. इनमें स्वास्थ्य, उर्जा, शिक्षा, कृषि, सशक्तिकरण और विकलांगताओं में एआई पर केसबुक सहित प्रमुख संग्रह भी प्रकाशित किए जाएंगे. अप्लाइड AI पर भी सेमिनार आयोजित किया जाएगा. साथ ही AI by Her: ग्लोबल इंपैक्ट चैलेंज का आयोजन सुषमा स्वराज भवन में किया जाएगा. इनके अलावा पैनल चर्चा और गोलमेज कॉन्फ्रेंस भी आयोजित समिट के दौरान की जाएगी. एआई इम्पैक्ट एक्सपो का आयोजन भी भारत मंडपम में किया जाएगा.

600 से ज्यादा स्टार्टअप्स और 300 से ज्यादा विदेशी पत्रकार होंगे शामिल
एआई सिस्टम में इंटरनेशनल सपोर्ट को प्रदर्शित करने के लिए 13 देशों के पवेलियन भी बनाए गए हैं. इनमें ऑस्ट्रेलिया, जापान, रूस, यूके, फ्रांस, जर्मनी, इटली, नीदरलैंड्स, तजाकिस्तान, अफ्रीका, स्विट्जरलैंड, सर्बिया, और एस्टोनिया के पवेलियन शामिल होंगे.

इस समिट में 600 से ज्यादा स्टार्टअप्स हिस्सा लेंगे. इनमें हेल्थकेयर, एग्रीटेक, एजुकेशन, साइबर सिक्योरिटी, अर्बन डेवलपमेंट जैसे तमाम सेक्टर्स के इनोवेशन शामिल हैं. दुनिया का ये ऐसा चौथा आयोजन है, जिसमें करीबन दुनियाभर से 300 से ज्यादा विदेशी पत्रकारों ने रजिस्ट्रेशन कराया है.