Home Blog Page 34

पचपदरा रिफाइनरी में लोकार्पण से 24 घंटे पहले यूनिट में लगी भीषण आग

0

पचपदरा रिफाइनरी में लोकार्पण से 24 घंटे पहले यूनिट में लगी भीषण आग
राजस्थान के बालोतरा जिले के पचपदरा से इस वक्त की सबसे बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आ रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा कल (21 अप्रैल) किए जाने वाले रिफाइनरी के ऐतिहासिक लोकार्पण समारोह से ठीक पहले, आज दोपहर रिफाइनरी परिसर की एक यूनिट में अचानक भीषण आग लग गई। आग की लपटें उठते ही परिसर में अफरा-तफरी मच गई और आसमान काले धुएं के गुबार से भर गया।

लोकार्पण की तैयारियों के बीच ‘अग्निपरीक्षा’
जानकारी के अनुसार, सोमवार दोपहर को रिफाइनरी की एक विशेष यूनिट में अचानक स्पार्किंग या अज्ञात कारणों से आग भड़क उठी। कल होने वाले प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर पूरी रिफाइनरी को छावनी में तब्दील किया गया है और चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा बल तैनात हैं। ऐसे में इस तरह की घटना ने तकनीकी टीम और प्रशासन के पसीने छुड़ा दिए हैं।

फायर सेफ्टी सिस्टम सक्रिय, बुझाने के प्रयास तेज
आग लगते ही रिफाइनरी का इन-हाउस फायर सेफ्टी सिस्टम तुरंत सक्रिय हो गया। मौके पर मौजूद दर्जनों दमकल गाड़ियां और हाइड्रेंट सिस्टम के जरिए आग पर काबू पाने का प्रयास किया जा रहा है। धुएं की तीव्रता इतनी अधिक है कि इसे कई किलोमीटर दूर से देखा जा सकता है। रिफाइनरी के उच्चाधिकारी और जिला प्रशासन के आला अफसर मौके पर पहुँच चुके हैं और स्थिति की मॉनिटरिंग कर रहे हैं।

सुरक्षा व्यवस्था और वीवीआईपी प्रोटोकॉल पर सवाल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कल यहां भव्य कार्यक्रम प्रस्तावित है, जिसके लिए एसपीजी (SPG) और राजस्थान पुलिस ने सुरक्षा का कड़ा घेरा बना रखा है। लोकार्पण से ठीक पहले हुई इस घटना ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं:

क्या यह कोई तकनीकी खामी है या सुरक्षा में चूक?
क्या कल के कार्यक्रम के समय में कोई बदलाव होगा? (हालांकि अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है)।
रिफाइनरी के संवेदनशील जोन में आग लगने का वास्तविक कारण क्या है?
अधिकारियों में मचा हड़कंप, कारणों का खुलासा नहीं
फिलहाल प्राथमिकता आग को पूरी तरह बुझाने और उसे अन्य यूनिट्स तक फैलने से रोकने की है। आग लगने के सटीक कारणों का अभी खुलासा नहीं हो पाया है। एचपीसीएल (HPCL) और राजस्थान रिफाइनरी के तकनीकी विशेषज्ञ मौके पर डैमेज कंट्रोल में जुटे हैं। गनीमत यह है कि अभी तक किसी जनहानि की सूचना नहीं मिली है, लेकिन करोड़ों की मशीनरी को नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है।

रिलीज हुआ ‘पति पत्नी और वो दो’ का मजेदार टीजर

0

रिलीज हुआ ‘पति पत्नी और वो दो’ का मजेदार टीजर
आयुष्मान खुराना की अपकमिंग फिल्म ‘पति पत्नी और वो दो’ का फैंस बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं. इस फिल्म में आयुष्मान इस बार पर्दे पर एक नहीं तीन एक्ट्रेसेस सारा अली खान, रकुल प्रीत सिंह और वामिका गब्बी संग इश्क लड़ाते हुए नजर आएंगे. फिल्म को लेकर फैंस में काफी एक्साइटमेंट है. वहीं मेकर्स ने भी आज ‘पति पत्नी और वो दो’ का धांसू टीजर रिलीज कर दिया है. टीजर में शादीशुदा होते हुए भी आयुष्मान घर के बाहर रोमांस ढूंढते नजर आ रहे हैं.

कैसा है ‘पति पत्नी और वो दो’ का टीजर?
‘पति पत्नी और वो दो’ का टीजर काफी एंटरटेनिंग है. टीजर की पहली झलक ही संजीव कुमार की फिल्म ‘पति पत्नी और वो’ की याद दिला देती है और उसके बाद कार्तिक आर्यन की झलक देखने को मिलती है और फिर प्रजापति पांडे (आयुष्मान खुराना) की एंट्री होती है, जो पत्नी के होते हुए भी बाहर दो-दो लड़कियों के साथ इश्क लड़ा रहे हैं. टीजर में आयुष्मान खुराना को ऐसे पति के रूप में दिखाया है, जो अपनी पत्नी को छोड़कर बाहर प्यार ढूंढने निकले हैं लेकिन बाहर सिर्फ प्यार ही नहीं, मुसीबतें भी उनका इंतजार कर रही हैं.

टीजर काफी मजेदार है. इसे देखने के बाद अब फैंस ‘पति पत्नी और वो दो’ के ट्रेलर को लेकर एक्साइटेड हो गए हैं. बता दें कि इससे पहले फिल्म मेकर्स ने इसका मजेदार पोस्टर भी जारी किया था, जिसमें अभिनेता किसी महिला कलाकार के साथ नहीं, बल्कि तेंदुए के साथ नजर आते हैं वो भी जाल में फंसे. इसके कैप्शन में लिखा था, “शिकारी खुद हो गया शिकार! अब जाल में फंस गए हमारे प्रजापति पांडे.”

कब रिलीज होगी ‘पति पत्नी और वो दो’ ?
‘पति पत्नी और वो दो’ रिलीज डेट भी सामने आ चुकी है. बता दें कि ये फिल्म 15 मई को सिनेमाघरों में दस्तक देगी. कॉमेडी फिल्म को मुदस्सर अजीज द्वारा निर्देशित किया गया है. गौरतलब है कि 2019 की हिट फिल्म पति पत्नी और वो को भी मुदस्सर अजीज ने ही निर्देशित किया था, वहीं फिल्म को भूषण कुमार और रेनू रवि चोपड़ा प्रोड्यूस कर रहे हैं.

‘पति पत्नी और वो दो’ स्टार कास्ट
‘पति पत्नी और वो दो’ में आयुष्मान खुराना के अलावा सारा अली खान, रकुल प्रीत सिंह और वामिका गब्बी ने लीड रोल प्ले किया है. फिल्म के अन्य कलाकारों में विजय राज, तिग्मांशु धूलिया और आयशा रजा भी दिखने वाले हैं. मल्टीस्टार होने की वजह से फिल्म से काफी उम्मीदें की जा रही हैं. सारा अली खान और आयुष्मान खुराना दोनों ‘उड़ता तीर’ के बाद एक साथ दोबारा स्क्रीन शेयर करते नजर आएंगे.

भूकंप से जापान में कांपी धरती, 7.4 तीव्रता के झटके किए गए महसूस

0

भूकंप से जापान में कांपी धरती, 7.4 तीव्रता के झटके किए गए महसूस
जापान के उत्तरी हिस्से में सोमवार (20 अप्रैल 2026) को 7.4 मैग्नीट्यूड के भूकंप के झटके महसूस किए गए. नेशनल ब्रॉडकास्टर NHK के अनुसार, भूकंप के बाद तटीय इलाकों के लिए तुरंत सुनामी की चेतावनी जारी कर दी गई. अधिकारियों ने बताया कि इवाते प्रीफेक्चर और होक्काइडो के कुछ हिस्सों में समुद्र की लहरें करीब 3 मीटर तक ऊंची उठ सकती हैं. लोगों से कहा गया है कि वे तुरंत सुरक्षित और ऊंची जगहों पर चले जाएं.

सरकार और आपातकालीन सेवाएं पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं, स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है. प्रशासन यह भी समझने की कोशिश कर रहा है कि भूकंप और सुनामी से कितना नुकसान हो सकता है. जारी चेतावनी में यह भी कहा गया है कि सुनामी की लहरें तट के पास पहुंचनी शुरू हो चुकी हैं और ये एक बार नहीं, बल्कि कई बार आ सकती हैं. एडवाइजरी में कहा गया है कि लोगों को बिना समय गंवाए, वहां से हट जाना चाहिए.

लहरों को लेकर खास चेतावनी
अधिकारियों ने यह भी बताया कि लहरें तय समय से पहले या बाद में आ सकती हैं और उनकी ऊंचाई अनुमान से ज्यादा भी हो सकती है. खास तौर पर समुद्री तटों और नदियों के किनारे रहने वाले लोगों को वहां से दूर रहने की सलाह दी गई है, क्योंकि पानी का लेवल अचानक बढ़ सकता है. इस वजह से इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बन सकती है.

जापान में क्यों आता है भूकंप?
जापान में भूकंप आने की सबसे बड़ी वजह उसकी भौगोलिक स्थिति है. जापान ऐसी जगह पर बसा हुआ है, जहां धरती की कई बड़ी परतें हैं, जिन्हें टेक्टोनिक प्लेट्स कहा जाता है. इन प्लेट्स में पैसिफिक प्लेट, फिलीपीन सी प्लेट, यूरेशियन प्लेट और नॉर्थ अमेरिकन प्लेट शामिल हैं. ये सभी प्लेट्स हमेशा धीरे-धीरे हिलती रहती हैं. इनके बीच जब दबाव बढ़ता है और अचानक यह दबाव निकलता है, तब कंपन पैदा होता है, जिससे भूकंप के झटके महसूस होते हैं. जापान एक ऐसे इलाके में भी आता है, जिसे रिंग ऑफ फायर कहा जाता है. यह दुनिया का सबसे ज्यादा सक्रिय भूकंप और ज्वालामुखी वाला क्षेत्र है. दुनिया के लगभग 90 प्रतिशत भूकंप इसी इलाके में आते हैं, इसलिए यहां भूकंप आना आम बात मानी जाती है.

नीतीश कुमार ने पार्टी के हित में लिया बड़ा फैसला

0

नीतीश कुमार ने पार्टी के हित में लिया बड़ा फैसला
राजधानी पटना स्थित एक अणे मार्ग में सोमवार (20 अप्रैल, 2026) को जेडीयू विधानमंडल की बैठक हुई. इस मौके पर पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पार्टी को लेकर बड़ा फैसला लिया है. इस संबंध में पार्टी के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने मीडिया को जानकारी दी.

नीरज कुमार बताया कि नीतीश कुमार ने कहा है कि, “मैंने पद जरूर छोड़ दिया है… लेकिन दिल्ली में संसदीय कार्य के अलावा अपनी पार्टी के साथी, गठबंधन के साथी, एवं जो विकास कार्यक्रम है उसकी स्थिति क्या है, इसके लिए बिहार के विभिन्न इलाकों में पार्टी के साथियों के साथ घूमूंगा.”

बैठक सात सर्कुलर रोड में होनी थी, लेकिन अभी नीतीश कुमार एक अणे मार्ग में ही रह रहे हैं, इसलिए यह बैठक यहीं हुई है. इस बैठक में पार्टी के सभी 85 विधायक और जेडीयू कोटा के विधान पार्षदों के अलावा लोकसभा सांसद, राज्यसभा सांसद और अन्य बड़े नेता मौजूद रहे.

नीरज कुमार ने बताया कि इस मौके पर अधिसंख्य विधायकों ने कहा कि अब हमारी पार्टी के शीर्ष नेता निशांत कुमार हैं. निशांत के नेतृत्व में पार्टी काम करेगी.

इस्लामाबाद में ईरान-US की पीस टॉक

0

इस्लामाबाद में ईरान-US की पीस टॉक
ईरान-अमेरिका पीस टॉक के बीच भारत और अमेरिका सोमवार (20 अप्रैल) को वॉशिंगटन में ट्रेड टॉक के नए दौर की शुरुआत करने जा रहे हैं. 20 से 22 अप्रैल तक 3 दिवसीय वार्ता का मकसद प्रस्तावित द्विपक्षीय व्यापार समझौते (बीटीए) के पहले चरण को अंतिम रूप देना है. मुख्य वार्ताकार दर्पण जैन के नेतृत्व में 12 सदस्यीय भारतीय प्रतिनिधिमंडल अक्टूबर 2025 के बाद पहली बार अमेरिका में आमने-सामने की वार्ता में भाग लेगा.

भारत-अमेरिका व्यापार समझौते के 10 प्वाइंट

1. भारत के मुख्य वार्ताकार दर्पण जैन के नेतृत्व में 20 से 22 अप्रैल तक वॉशिंगटन में बातचीत होनी है. वाणिज्य, सीमा शुल्क और विदेश मंत्रालयों के अधिकारी इसमें शामिल हैं.

2. ये बातचीत अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट के उस फैसले के बाद हो रही हैं, जिसमें अंतर्राष्ट्रीय आपातकालीन आर्थिक शक्तियां अधिनियम (IEEPA) के तहत लगाए गए टैरिफ को रद्द कर दिया गया था. इसके बाद अमेरिकी टैरिफ व्यवस्था में बड़ा बदलाव आया है.

3. इसकी जगह पर वॉशिंगटन ने 24 फरवरी से 23 जुलाई तक सभी देशों पर 150 दिनों के लिए 10% का अस्थायी टैरिफ लागू किया है.

4. इसका सबसे बड़ा कारण सभी व्यापारिक साझेदारों पर लागू 10% का अमेरिकी टैरिफ है. इससे पहले भारतीय प्रोडक्ट्स पर अमेरिकी टैरिफ 50% से घटकर 18% तक होने वाला था. इसमें रूस से तेल की खरीद पर लगने वाले 25% जुर्माने को हटाना भी शामिल था. अब ये लगभग समाप्त हो गया है.

5. समझौते पर अभी हस्ताक्षर नहीं हुए हैं, इसलिए भारत के पास पुनर्विचार करने की गुंजाइश है. अधिकारियों ने पीटीआई को बताया कि नए वैश्विक टैरिफ ढांचे के तहत भारत को नुकसान न हो, इसके लिए समझौते को फिर से जांचा-परखा जाएगा.

6. नई दिल्ली का एक मकसद अमेरिकी बाजार में पहले से प्राप्त कॉस्ट एडवांटेज को फिर से हासिल करना है. पिछली शर्तों के तहत कम टैरिफ ने भारतीय निर्यातकों को कंपीटीटर्स पर बढ़त दी थी.

7. फरवरी में हुए समझौते के तहत भारत ने अमेरिका को कई रियायतें दीं हैं. इनमें अमेरिकी औद्योगिक वस्तुओं पर टैरिफ को समाप्त करना या कम करना, कृषि उत्पादों (मेवे, फल, सोयाबीन तेल, डीजी, शराब और स्पिरिट) की एक पूरी सीरीज पर टैरिफ में कटौती करना और कई गैर-टैरिफ बाधाओं को हटाना शामिल था. इनमें से कई पर अब पुनर्विचार किया जा सकता है.

8. भारत ने पहले 5 सालों में 500 अरब डॉलर तक के अमेरिकी सामान खरीदने की योजना का संकेत दिया था. इसमें ऊर्जा, विमान, सेमीकंडक्टर इनपुट, कीमती धातुएं और कोकिंग कोयला शामिल थे. समझौते के दौरान इस योजना का भी फिर से मूल्यांकन होने की संभावना है.

9. अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि (USTR) द्वारा धारा 301 के तहत भारत सहित अन्य देशों में कथित अधिक मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी को टारगेट करते हुए चल रही दो जांचें एक प्रमुख मुद्दा बनने की उम्मीद है. भारत ने इन जांचों का कड़ा विरोध किया है और इन्हें वापस लेने के लिए दबाव बना रहा है. नई दिल्ली का कहना है कि ये जांचें अनुचित हैं.

10. टैरिफ विवाद के कारण फरवरी में मुख्य वार्ताकारों की बैठक स्थगित कर दी गई थी. वॉशिंगटन में चल रहा वर्तमान दौर मूल रूप से एक नई शुरुआत है. यह पूरी तरह से बदले हुए वैश्विक व्यापार माहौल में हो रहा है.

चीन-भारत व्यापार बढ़ा
ये बातचीत ऐसे समय में हो रही है जब चीन 2025-26 में भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार बनने के मामले में अमेरिका से आगे निकल गया है. भारत का अमेरिका को निर्यात मामूली रूप से 0.92% बढ़कर 87.3 अरब डॉलर हो गया है. अमेरिका से आयात 15.95% बढ़कर 52.9 अरब डॉलर हो गया है. ट्रेड सरप्लस 40.89 अरब डॉलर से घटकर 34.4 अरब डॉलर रह गया है.

इंदौर के जनापाव कुटी में बनेगा ‘श्री परशुराम-श्री कृष्ण लोक’- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव

0

इंदौर के जनापाव कुटी में बनेगा ‘श्री परशुराम-श्री कृष्ण लोक’- मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव
मध्य प्रदेश के इंदौर जिले में स्थित जनापाव कुटी में रविवार, 19 अप्रैल 2026 को भगवान श्री परशुराम का प्रकटोत्सव बड़े ही धूमधाम और उत्साह के साथ मनाया गया। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शिरकत करते हुए एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस अवसर पर जनापाव कुटी में ‘श्री परशुराम-श्री कृष्ण लोक’ विकसित करने का ऐलान किया है। उन्होंने बताया कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना को 17 करोड़ 50 लाख रुपये से अधिक की लागत से तैयार किया जाएगा, जिसका मुख्य उद्देश्य इस क्षेत्र को एक प्रमुख धार्मिक और पर्यटन केंद्र के रूप में स्थापित करना है। यह पहल न केवल धार्मिक आस्था को बढ़ावा देगी बल्कि पर्यटन को भी नई दिशा प्रदान करेगी और स्थानीय अर्थव्यवस्था को गति प्रदान करेगी।

मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जनापाव क्षेत्र के धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह स्थान सिर्फ एक तीर्थ स्थल ही नहीं, बल्कि कई पवित्र नदियों का उद्गम स्थल भी है, जो इसे और भी विशेष बनाता है। इस क्षेत्र की महत्ता को देखते हुए, मुख्यमंत्री ने इसके संरक्षण और विकास पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता पर जोर दिया। इसके अलावा, उन्होंने प्रशासन को गंभीर और अजनार नदियों के पुनर्जीवन के लिए एक विस्तृत कार्य योजना तैयार करने के तत्काल निर्देश भी दिए, ताकि इन नदियों को उनका पुराना गौरव वापस दिलाया जा सके और जल संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा सकें। यह कार्य योजना पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में भी सहायक होगी।

नदी जोड़ो योजनाओं से किसानों को मिलेगा बड़ा फायदा- मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने इस मंच से केंद्र और राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही नदी जोड़ो योजनाओं की उपयोगिता पर भी विस्तृत चर्चा की। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि ये योजनाएं आने वाले समय में प्रदेश के किसानों के लिए अत्यंत उपयोगी साबित होंगी। मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से केन-बेतवा और पार्वती-कालीसिंध-चंबल जैसी बड़ी परियोजनाओं का उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि इन परियोजनाओं के सफल क्रियान्वयन से सिंचाई के लिए पानी की उपलब्धता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी, साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल की समस्या का भी स्थायी समाधान होगा। इन योजनाओं से ग्रामीण विकास को भी गति मिलेगी और किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा, जिससे कृषि उत्पादन में भी वृद्धि होगी।

मुख्यमंत्री ने महिला आरक्षण के मुद्दे पर विपक्ष को घेरा
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने महिला आरक्षण के मुद्दे पर विपक्ष को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि महिलाओं को उनके अधिकार देने और उन्हें सशक्त बनाने के प्रयासों में बाधा डालना दुर्भाग्यपूर्ण है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि उनकी सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है और इस दिशा में लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि महिलाओं को समाज में उचित स्थान और अवसर मिलना चाहिए, और सरकार इसके लिए हर संभव प्रयास करेगी। यह सरकार की प्राथमिकताओं में से एक है, जिस पर निरंतर कार्य किया जा रहा है।

कैसा होगा ‘श्री परशुराम-श्री कृष्ण लोक’?
बता दें कि कार्यक्रम में प्रस्तावित ‘श्री परशुराम-श्री कृष्ण लोक’ की विस्तृत रूपरेखा भी प्रस्तुत की गई। इस परियोजना के तहत भगवान परशुराम और भगवान श्रीकृष्ण के जीवन से जुड़े विभिन्न प्रसंगों को दर्शाने वाला एक भव्य संग्रहालय बनाया जाएगा। यह संग्रहालय इन दोनों देवों के जीवन दर्शन और उनके आदर्शों को जनमानस तक पहुंचाने का एक सशक्त माध्यम होगा। परिसर में पांच अलग-अलग दीर्घाएं विकसित की जाएंगी, जिनमें उनके जीवन, दर्शन, शस्त्र-विद्या, और लीलाओं से जुड़े विषयों को आकर्षक ढंग से प्रदर्शित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, इस लोक में प्रवेश द्वार, कथा मंच, व्यू पॉइंट और अन्य सभी आवश्यक आधारभूत सुविधाएं भी विकसित की जाएंगी, ताकि यहां आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को एक सुखद और ज्ञानवर्धक अनुभव मिल सके। इस लोक के माध्यम से धार्मिक शिक्षा और सांस्कृतिक विरासत का प्रचार-प्रसार होगा और यह क्षेत्र एक प्रमुख आध्यात्मिक केंद्र के रूप में उभरेगा।

भोपाल से ओरछा-चंदेरी के लिए हवाई सेवा शुरू

0

भोपाल से ओरछा-चंदेरी के लिए हवाई सेवा शुरू
मध्यप्रदेश में पर्यटन और धार्मिक यात्राओं को नई गति देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री मोहन यादव ने “पीएमश्री हेली पर्यटन सेवा” के अंतर्गत भोपाल-चंदेरी-ओरछा सेक्टर की हेलीकॉप्टर सेवा का शुभारंभ किया। राजधानी के स्टेट हैंगर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने यात्रियों को बोर्डिंग पास प्रदान कर हेलीकॉप्टर को झंडी दिखाकर रवाना किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ओरछा में भगवान श्रीराम राजा के रूप में विराजमान हैं और उनके दर्शन के लिए ‘पुष्पक विमान’ जैसी हेली सेवा की व्यवस्था की गई है। भगवान परशुराम जयंती के शुभ अवसर पर प्रदेश पर्यटन के क्षेत्र में यह एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने बताया कि भोपाल-ओरछा और चंदेरी जैसे विरासत शहरों को इस सेवा से जोड़ा गया है, जो पौराणिक, आध्यात्मिक और ऐतिहासिक महत्व रखते हैं।

सरकार सभी वर्गों के लिए समान रूप से काम कर रही
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में तेजी से विकसित हो रहे एविएशन सेक्टर से महाराष्ट्र सहित कई राज्य प्रेरणा ले रहे हैं। हेली पर्यटन सेवा का उद्देश्य धार्मिक और पर्यटन स्थलों तक पहुंच को सुगम, सुरक्षित और आनंददायक बनाना है, जिससे पर्यटकों का समय बचेगा और यात्रा का अनुभव बेहतर होगा। उन्होंने भगवान परशुराम के साहस, पराक्रम और धर्म के प्रति समर्पण का उल्लेख करते हुए कहा कि उनका जीवन समाज को प्रेरणा देता है। ऐसे पावन अवसर पर प्रदेश को यह सेवा समर्पित की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सभी वर्गों के लिए समान रूप से कार्य कर रही है और जरूरतमंदों के लिए पीएमश्री एयर एंबुलेंस सेवा की पहल देश में सबसे पहले मध्यप्रदेश ने की है।

हेली सेवा से पर्यटन गतिविधियों का विस्तार होगा
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के विस्तृत भौगोलिक क्षेत्र और विविध पर्यटन संभावनाओं को देखते हुए हेली सेवा से पर्यटन गतिविधियों का विस्तार होगा, जिससे आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। राज्य सरकार पर्यटन को प्राथमिकता देते हुए हवाई, रेल, सड़क और जल परिवहन के क्षेत्र में लगातार विस्तार कर रही है। उन्होंने बताया कि इससे पहले ओंकारेश्वर-महाकालेश्वर-इंदौर तथा कान्हा-बांधवगढ़-मैहर-अमरकंटक-चित्रकूट सेक्टर में हेली सेवा शुरू की जा चुकी है और अब यह तीसरा सेक्टर है।

भोपाल में नारी शक्ति का महा-संकल्प : 25,000 महिलाओं की वृहद जन आक्रोश पदयात्रा

0

भोपाल में नारी शक्ति का महा-संकल्प : 25,000 महिलाओं की वृहद जन आक्रोश पदयात्रा
भोपाल। नारी शक्ति वंदन अधिनियम संशोधन प्रस्ताव को संसद में पारित न किए जाने के विरोध में राजधानी भोपाल में एक विशाल जन आक्रोश महिला पदयात्रा का आयोजन किया जा रहा है। यह पदयात्रा महिला सम्मान, अधिकार और स्वाभिमान की रक्षा के संकल्प के साथ ऐतिहासिक रूप धारण करेगी।
इस वृहद पदयात्रा में लगभग 25,000 महिला कार्यकर्ता एवं जनसमूह शामिल होकर अपनी एकजुटता और आक्रोश का प्रखर प्रदर्शन करेंगे। पदयात्रा एमवीएम कॉलेज ग्राउंड (पुरानी विधानसभा) से प्रारंभ होकर रोशनपुरा चौराहे तक निकाली जाएगी, जहां नारी शक्ति की गर्जना पूरे प्रदेश में संदेश देगी।
इस अवसर पर कार्यक्रम में मुख्य रूप से—
माननीय डॉ. मोहन यादव, मुख्यमंत्री, मध्य प्रदेश
हेमंत खंडेलवाल, प्रदेश अध्यक्ष, भारतीय जनता पार्टी, मध्य प्रदेश
सुविख्यात ओजस्वी कवियत्री अनामिका अम्बर
निर्मला भूरिया, मंत्री
संपतिया उइके, मंत्री
कृष्णा गौर, मंत्री
प्रतिमा बागरी, राज्य मंत्री
राधा सिंह, राज्य मंत्री
लता वानखेड़े, सांसद
कविता पाटीदार, सांसद
माया नारोलिया
सुमित्रा वाल्मीकि
सहित भारतीय जनता पार्टी की सभी महिला महापौर, प्रदेश पदाधिकारीगण, जिला पंचायत अध्यक्षगण एवं बूथ स्तर तक की महिला कार्यकर्ता बड़ी संख्या में सहभागी होंगी।
यह पदयात्रा केवल विरोध का स्वर नहीं, बल्कि नारी सम्मान के लिए एक सशक्त जनांदोलन का रूप लेगी, जिसमें भोपाल एवं नर्मदापुरम संभाग की महिलाएँ व्यापक रूप से भाग लेकर अपनी आवाज बुलंद करेंगी।

सीएम ने कांग्रेस और इंडी गठबंधन पर 70 करोड़ महिलाओं से विश्वासघात का लगाया आरोप

0

सीएम ने कांग्रेस और इंडी गठबंधन पर 70 करोड़ महिलाओं से विश्वासघात का लगाया आरोप
भारतीय जनता पार्टी ने महिला आरक्षण को लेकर कांग्रेस और INDI गठबंधन पर जोरदार हमला बोला है। प्रदेश कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में प्रेस वार्ता आयोजित की गई। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मामले को लेकर कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए महिला विरोधी बताया है।

सीएम साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में लाया गया ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ से संबंधित संविधान संशोधन विधेयक हमारी माताओं-बहनों के लिए लोकसभा एवं विधानसभाओं में 33% आरक्षण का मार्ग प्रशस्त करने वाला था। लेकिन, परिवारवादी राजनीति और वोट बैंक को साधने के लिए कांग्रेस ने देश की 70 करोड़ महिलाओं के साथ विश्वासघात किया है।

देश की आधी आबादी को नेतृत्व के अधिकार से वंचित करने के उद्देश्य से महिला आरक्षण की राह में बाधा डालने का जो ‘महापाप’ कांग्रेस और इंडी गठबंधन ने किया है, उसका परिणाम उन्हें अवश्य भुगतना पड़ेगा।

छत्तीसगढ़ सहित देश की समस्त नारीशक्ति आने वाले समय में कांग्रेस को करारा जवाब देगी। महिला विरोधी कांग्रेस और इंडी गठबंधन को देश की जनता अब और बर्दाश्त नहीं करेगी।

फिर पाकिस्तान पहुंचे अमेरिकी विमान, इस्लामाबाद में हलचल तेज

0

फिर पाकिस्तान पहुंचे अमेरिकी विमान, इस्लामाबाद में हलचल तेज
अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता को लेकर दूसरे दौर की बातचीत को लेकर तैयारियां तेज हो गई है. हाल ही में अमेरिका सैन्य विमान पाकिस्तान पहुंचे हैं. यह विमान रावलपिंडी नूरखान एयरबेस पर लैंड किए हैं. इनकी संख्या चार बताई जा रही है. इन विमानों में अमेरिकी प्रतिनिधियों की सुरक्षा से जुड़ी तैयारियां है. इधर, इस्लामाबाद पुलिस ने भी सोशल मीडिया पर रूट चेंज को लेकर एजवाइजरी जारी की है.

इससे पहले दोनों देशों के बीच पहले दौर की बातचीत पाकिस्तान के इस्लामाबाद में हुई थी. उस समय ईरान और अमेरिका ने पाकिस्तान की भूमिका की तारीफ भी की थी. हालांकि, 21 घंटे चली पहली बातचीत बेनतीजा रही थी.

जेडी वेंस गाड़ी और अन्य सुरक्षा उपकरण लेकर पहुंचे यूएस विमान
जानकारी के मुताबिक, नूरखान पर उतरे अमेरिकी सैन्य विमान में अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस की गाड़ियां समेत अन्य सुरक्षा उपकरण शामिल हैं. इसके अलावा उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालने वाले 22 अमेरिकी सीक्रेट सर्विस के ऑफिसर 4 विमान के साथ रावलपिंडी के नूरखान एयरबेस पर लैंड कर चुके हैं.

इस्लामाबाद पुलिस ने ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की
इधर, इस्लामाबाद पुलिस ने नया ट्रैफिक प्लान लागू किया है. यह जानकारी एक्स पर एक पोस्ट में साझा की गई है. इसमें बताया गया कि इस्लामाबाद में विदेशी डेलीगेशन के आने की वजह से रेड जोन और एक्सटेंडेड रेड जोन सभी तरह के ट्रैफिक के लिए पूरी तरह बंद रहेंगे. लोगों को सलाह दी जाती है कि वे अन्य रास्तों का इस्तेमाल करें. ट्रैफिक पुलिस के साथ मिलकर काम करें. ताकि ट्रैफिक आसानी से चले. सुरक्षा बनी रहे.

पाकिस्तान ने ईरान को बातचीत के लिए मनाने की कोशिश की
उप-प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री सीनेटर मोहम्मद इशाक डार ने रविवार को दोपहर ईरान के विदेश मंत्री महामहिम अब्बास अराघची से बात भी की. डार ने इस बात पर जोर दिया कि इस क्षेत्र और उससे बाहर शांति और स्थिरता को बढ़ावा देने के लिए, मौजूदा मुद्दों को जल्द से जल्द हल करने हेतु निरंतर बातचीत और जुड़ाव बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है. दोनों नेता आपस में लगातार संपर्क में रहने पर सहमत हुए. साथ ही उन्होंने आज बाद में ईरान के राष्ट्रपति और पाकिस्तान के प्रधानमंत्री के बीच फोन पर बातचीत होने पर भी सहमति जताई.

ईरान को पूरी तरफ से खत्म करने की ट्रंप की धमकी
एक तरफ अमेरिका डेलीगेशन पाकिस्तान पहुंच रहा है, उधर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को फिर से ईरान को पूरी तरह से खत्म करने की धमकी दी है. ट्रंप ने कहा कि ईरान पर अब और नरमी नहीं दिखाई जाएगी. वह आसानी से और जल्द ही झुक जाएंगे. अब समय आ गया है कि ईरान किलिंग मशीन का अंत हो.