Home Blog Page 13

प्रदेश के विभिन्न जिलों में होगी झमाझम बारिश

0

प्रदेश के विभिन्न जिलों में होगी झमाझम बारिश
प्रदेश के विभिन्न जिलों में बुधवार को गरज-चमक के साथ जोरदार बारिश हुई। इस बेमौसम बरसात और धूलभरी आंधी के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। राजधानी भोपाल में धूप-छांव के बाद 11 मील क्षेत्र में शाम साढ़े चार-पांच बजे चने के आकार की चंद मिनट ओलावृष्टि हुई। श्योपुर में दिन का और इंदौर में रात का तापमान सामान्य से काफी कम रहने के कारण मौसम में ठंडक महसूस की गई।

तापमान में भारी गिरावट और प्रमुख शहरों का हाल
श्योपुर में 44 मिलीमीटर जोरदार बारिश हुई, जिससे यहां का अधिकतम तापमान सामान्य से 4.6 डिग्री कम यानी 38.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। इसी तरह सतना का तापमान सामान्य से 6.6 डिग्री कम 35.7 डिग्री और रीवा का तापमान सामान्य से 4.1 डिग्री कम 38.0 डिग्री रहा। इंदौर में न्यूनतम तापमान सामान्य से 7 डिग्री गिरकर 18.6 डिग्री सेल्सियस पर आ गया।

दूसरी ओर खरगोन में सबसे अधिक 41.8 डिग्री और खंडवा जिले के खंडवा शहर में 40.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया। दमोह, छतरपुर जिले के खजुराहो व नौगांव, मंडला, नरसिंहपुर, सागर, उमरिया और बालाघाट जिले के मलाजखंड में दिन का तापमान 40 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड हुआ। मौसम विज्ञानी ने बताया कि अगले चार दिनों तक प्रदेश के मौसम में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। इसके बाद तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी होगी। मौसम विज्ञान केंद्र ने गुरुवार के लिए अलर्ट जारी किया है।

दिनभर चलता रहा आंधी-बारिश का दौर
प्री-मानसून की गतिविधियों के चलते प्रदेश के विभिन्न जिलों में सुबह से लेकर देर रात तक आंधी-तूफान, बारिश हुई। सुबह छतरपुर जिले के खजुराहो, पन्ना, दमोह, सतना, मैहर, रीवा, जबलपुर, ग्वालियर, शहडोल और दतिया सहित कई जिलों में धूलभरी आंधी चली और बिजली चमकी।

दोपहर में अशोकनगर, बैतूल, टीकमगढ़ और सागर में 40 किलोमीटर की रफ्तार से हवाओं के साथ बारिश हुई। शाम को श्योपुर, सतना, रीवा और विदिशा जिलों में चक्रवाती हवाएं चलीं और मध्यम बारिश हुई। देर रात को इंदौर, छिंदवाड़ा, सिवनी, रायसेन और बालाघाट सहित करीब 25 जिलों में मौसम बदला रहा।

कर्नाटक में डीके शिवकुमार ने मुख्यमंत्री और जी. परमेश्वर ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली

0

कर्नाटक में डीके शिवकुमार ने मुख्यमंत्री और जी. परमेश्वर ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली
कर्नाटक की राजनीति में बुधवार को एक अहम अध्याय जुड़ गया, जब कांग्रेस नेता डीके शिवकुमार ने राज्य के नए मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ग्रहण की। राजधानी बेंगलुरु में आयोजित भव्य समारोह में उन्होंने हाथ में संविधान की कॉपी लेकर पद और गोपनीयता की शपथ ली। इस दौरान कार्यक्रम स्थल पर कांग्रेस नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों की भारी मौजूदगी देखने को मिली। शिवकुमार के साथ कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जी. परमेश्वर ने उपमुख्यमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली। राज्यपाल ने दोनों नेताओं को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। शपथ ग्रहण समारोह में कांग्रेस के कई दिग्गज नेता मंच पर मौजूद रहे।

अन्य नेताओं ने भी ली मंत्री पद की शपथ
नई सरकार के गठन के साथ मंत्रिपरिषद का भी विस्तार किया गया। मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के अलावा 12 अन्य नेताओं को मंत्री पद की शपथ दिलाई जा रही है। इन नए चेहरों में पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के पुत्र डॉ. यतींद्र सिद्धारमैया का नाम भी शामिल है। इससे पहले सिद्धारमैया ने 28 मई को मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने मई 2023 से लेकर मई 2026 तक राज्य का नेतृत्व किया।

इन सभी ने ली मंत्री पद की शपथ
मुख्यमंत्री और उप-मुख्यमंत्री के अलावा जिन नेताओं ने शपथ ली है उसमें, के. एच मुनियप्पा, केजी जॉर्ज, एमबी पाटिल, रामलिंगा रेड्डी, सतीश जखोली, कृष्ण बायरेगौड़ा, प्रियांक खड़गे, यूटी खेदार, ईश्वर खांद्रे, यतीन्द सिद्धारमैया, बैराथी सुरेश और शरण प्रकाश पाटिल के नाम शामिल हैं।

शपथ से पहले मां का लिया आशीर्वाद
डीके शिवकुमार के शपथ ग्रहण से पहले एक भावुक तस्वीर सामने आई। शपथ ग्रहण के लिए लोक भवन जाने से पहले डीके शिवकुमार ने अपनी मां के पांव छूकर आशीर्वाद लिए। जिसकी तस्वीर सोशल मीडिया पर शेयर की जा रही है। डीके शिवकुमार तीन सालों तक कर्नाटक में उपमुख्यमंत्री के तौर पर काम कर रहे थे। अब उन्होंने सीएम पद की शपथ ले ली है।

दिल्ली के मालवीय नगर क्षेत्र स्थित एक रेस्टोरेंट में हुए भीषण अग्निकांड

0

दिल्ली के मालवीय नगर क्षेत्र स्थित एक रेस्टोरेंट में हुए भीषण अग्निकांड
दिल्ली के मालवीय नगर क्षेत्र स्थित एक रेस्टोरेंट में बुधवार सुबह हुए भीषण अग्निकांड में राजस्थान के तीन लोगों की मौत हो गई। अजमेर के वृद्ध दंपती जंवरी लाल व कमला देवी और किशनगढ़ के 62 वर्षीय मार्बल व्यापारी अशोक अग्रवाल (पंसारी) की मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही परिवार में शोक की लहर दौड़ गई।

किशनगढ़ निवासी महेश पंसारी ने बताया कि लक्ष्मी विहार निवासी अशोक अग्रवाल अपने बुजुर्ग फूफा राधेश्याम अग्रवाल (70) को देखने के लिए दिल्ली गए हुए थे। राधेश्याम अग्रवाल इन दिनों मालवीय नगर क्षेत्र के एक अस्पताल में भर्ती है। अशोक अग्रवाल अपने कुछ रिश्तेदारों एवं मित्रों के साथ दिल्ली पहुंचे थे।

अस्पताल में मुलाकात के बाद रुक गए थे होटल में
महेश पंसारी ने बताया कि अशोक अग्रवाल ने 2 जून को अस्पताल पहुंचकर अपने फूफा का कुशलक्षेम जाना। इसके बाद उन्होंने 3 जून को किशनगढ़ लौटने की बात कहते हुए साथ आए रिश्तेदारों और मित्रों को वापस रवाना कर दिया। स्वयं वे मालवीय नगर स्थित रेस्टोरेंट के पहले से बुक कमरे में ठहर गए। बुधवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे रेस्टोरेंट में भीषण आग लग गई। आग तेजी से फैलने के कारण वहां ठहरे लोग इसकी चपेट में आ गए। हादसे में अशोक अग्रवाल की मौत हो गई।

कोलकाता के मेयर और टीएमसी के वरिष्ठ नेता फिरहाद हकीम ने दिया इस्तीफा

0

कोलकाता के मेयर और टीएमसी के वरिष्ठ नेता फिरहाद हकीम ने दिया इस्तीफा
पश्चिम बंगाल में सत्ता जाने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बुरे दिन शुरू हो गए है। तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता को एक के बाद एक झटके लग रहे हैं। पार्टी में टूट के बाद अब ममता के करीबी और कोलकाता के मेहर फिरहाद हकीम ने बुधवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। टीएमसी के सदस्य हकीम ने पहले ही पद छोड़ने की इच्छा जताई थी और इसके बारे में पार्टी अध्यक्ष ममता बनर्जी को जानकारी भी दी थी।

कोलकाता के मेयर फिरहाद हकीम ने दिया इस्तीफा
टीएमसी नेता कुणाल घोष के अनुसार, पूर्व सीएम ममता ने हकीम के इस्तीफे पर सहमति जताई है। इसके बाद फिरहाद हकीम से मुख्यमंत्री शुभेन्दु अधिकारी से मुलाकात की और अपना इस्तीफा सौंप दिया। फिरहाद हकीम टीएमसी के सबसे भरोसेमंद और प्रभावशाली नेताओं में गिने जाते हैं। उनका मेहर पद से इस्तीफा देना ममता बनर्जी के लिए बहुत बड़ा झटका माना जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने बिहान की दीदियों को सौंपी आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस योजना के तहत टाटा मैजिक वाहन

0

मुख्यमंत्री ने बिहान की दीदियों को सौंपी आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस योजना के तहत टाटा मैजिक वाहन
रायपुर/ सुशासन तिहार 2026 के अंतर्गत ग्राम चेरपाल में आयोजित जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के अंतर्गत महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए विकासखंड कुआकोंडा एवं कटेकल्याण के 8 संकुल स्तरीय संगठनों को आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस योजना (AGEY) के तहत टाटा मैजिक सवारी वाहनों की चाबी प्रदान की। मुख्यमंत्री ने वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया तथा स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

इस अवसर पर अधिकारियों ने जानकारी दी कि आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में आजीविका के नए अवसर सृजित करने के साथ-साथ दूरस्थ अंचलों में परिवहन सुविधाओं को मजबूत बनाना है। योजना के तहत प्रदाय किए गए प्रत्येक टाटा मैजिक वाहन के लिए लगभग 5 लाख रुपये की अनुदान सहायता प्रदान की गई है। इन वाहनों के संचालन से स्व-सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को नियमित आय का स्रोत प्राप्त होगा तथा ग्रामीण परिवहन व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

*41 हजार से अधिक परिवारों की आजीविका सशक्त करने में जुटा बिहान मिशन*
कार्यक्रम में बताया गया कि राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (बिहान) के माध्यम से जिले में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए व्यापक स्तर पर कार्य किए जा रहे हैं। वर्तमान में जिले के 41 हजार 110 परिवारों को स्व-सहायता समूहों से जोड़कर स्वरोजगार एवं आयवर्धन गतिविधियों से जोड़ा गया है। समूह की महिलाएं कृषि आधारित गतिविधियों, पशुपालन, लघु उद्यम, वनोपज प्रसंस्करण तथा विभिन्न आजीविका गतिविधियों के माध्यम से अपनी आय में वृद्धि कर रही हैं और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ रही हैं।

*गांव और शहर के बीच बढ़ेगी कनेक्टिविटी, महिलाओं को मिलेगा स्थायी आय का स्रोत*
मुख्यमंत्री द्वारा प्रदाय किए गए इन वाहनों के संचालन से ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सुलभ, सुरक्षित एवं किफायती परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी। इससे दूरस्थ गांवों का बाजारों, स्वास्थ्य संस्थानों, शैक्षणिक केंद्रों तथा जिला मुख्यालय से बेहतर संपर्क स्थापित होगा। साथ ही महिलाओं को वाहन संचालन एवं प्रबंधन के माध्यम से नियमित आय प्राप्त होगी, जिससे उनके परिवारों की आर्थिक स्थिति और अधिक सुदृढ़ होगी।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि राज्य सरकार महिलाओं को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है। स्व-सहायता समूहों की महिलाएं आज ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूत आधारशिला बनकर उभर रही हैं। उन्होंने कहा कि शासन की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को रोजगार, स्वरोजगार एवं उद्यमिता के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं, जिससे वे आर्थिक रूप से सशक्त होकर समाज के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित महिलाओं ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आजीविका ग्रामीण एक्सप्रेस योजना से उन्हें न केवल रोजगार का अवसर मिलेगा, बल्कि ग्रामीण क्षेत्रों में जनसेवा का एक नया माध्यम भी प्राप्त होगा। यह पहल महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और ग्रामीण विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

डीके शिवकुमार आज बनेंगे कर्नाटक के CM

0

डीके शिवकुमार आज बनेंगे कर्नाटक के CM
डीके शिवकुमार आज (3 जून) को कर्नाटक के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. शाम 4 बजे लोकभवन में राज्यपाल थावर चंद गहलोत डीके को सीएम पद की शपथ दिलाएंगे. कांग्रेस आलाकमान के कहने पर सिद्धारमैया के इस्तीफा देने के बाद वह मुख्यमंत्री की कुर्सी संभालने जा रहे हैं. शिवकुमार को शनिवार को औपचारिक रूप से कांग्रेस विधायक दल का नेता चुना गया था.

10-12 विधायक बन सकते हैं मंत्री
सूत्रों का कहना है कि शिवकुमार के साथ 10 से 12 विधायक मंत्री पद की शपथ ले सकते हैं. मंत्रिमंडल विस्तार इस महीने होने वाले राज्यसभा और विधान परिषद चुनाव के बाद होने की संभावना है. इससे पहले मंगलवार (2 जून) को उन्होंने दिल्ली में पार्टी आलाकमान के साथ मंत्रिमंडल को लेकर चर्चा की थी. सिद्धारमैया भी बैठक में शामिल हुए थे.

दोनों ने पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी के साथ विस्तृत चर्चा की. इसके बाद दोनों नेताओं ने कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल और पार्टी के कर्नाटक प्रभारी रणदीप सुरजेवाला के साथ अलग से बातचीत की.

कौन-कौन ले सकता है शपथ?
शिवकुमार और सिद्धरमैया मंगलवार (2 जून) रात बेंगलुरु के लिए रवाना हो गए. सूत्रों ने बताया कि बुधवार को जी परमेश्वर, प्रियंक खरगे, रामालिंगा रेड्डी, एमबी पाटिल और यतीन्द्र सिद्धरमैया मंत्री पद की शपथ ले सकते हैं. कर्नाटक में मुख्यमंत्री सहित मंत्रिपरिषद में अधिकतम 34 मंत्रियों को शामिल किया जा सकता है.

मंत्रिमंडल में बैलेंस बनाने की होगी कोशिश
सूत्रों का कहना है कि नए मंत्रिमंडल में पुराने और नए चेहरों का मिश्रण देखने को मिल सकता है. जातीय समीकरण, क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व और सिद्धरमैया समर्थक नेताओं को ध्यान में रखते हुए संतुलन बनाने की कोशिश की जाएगी. यह भी चर्चा है कि कई उपमुख्यमंत्री बनाए जा सकते हैं और सिद्धरमैया मंत्रिमंडल के कुछ सदस्यों को नए मंत्रिमंडल से बाहर किया जा सकता है.

पार्टी सूत्रों के अनुसार, मंत्री पद के दावेदारों की लंबी कतार और उपलब्ध पदों की सीमित संख्या के बीच शिवकुमार के सामने संतुलन साधने की बड़ी चुनौती है. उन्हें हर कदम बेहद सावधानी से उठाना होगा, क्योंकि मंत्रिमंडल में जगह नहीं पाने वाले नेताओं की नाराजगी बड़े स्तर पर असंतोष का रूप ले सकती है.

सिद्धारमैया बने CWC मेंबर
रविवार (31 मई) को शिवकुमार से मुलाकात के बाद सिद्धरमैया के बेटे और कांग्रेस के विधान परिषद (एमएलसी) सदस्य यतींद्र सिद्धरमैया ने कहा था कि उन्हें अगले मंत्रिमंडल में जगह मिलने की पूरी उम्मीद है. उन्होंने दावा किया था कि पार्टी नेतृत्व ने उन्हें मंत्री पद देने का आश्वासन भी दिया है. इस बीच, पार्टी ने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने वाले अपने सीनियर नेता सिद्धरमैया को मंगलवार (2 जून) को कांग्रेस कार्य समिति (CWC) का सदस्य नियुक्त कर दिया.

प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय सम्मान

0

प्रधानमंत्री सूर्यघर योजना में उत्कृष्ट प्रदर्शन पर छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय सम्मान
रायपुर/ मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि प्रधानमंत्री सूर्यघर : मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत आयोजित “Month of Solar” अभियान में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया जाना राज्य के लिए अत्यंत गौरव और प्रसन्नता का विषय है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि राज्य में स्वच्छ ऊर्जा, ऊर्जा आत्मनिर्भरता और जनहितकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की दिशा में किए जा रहे सतत प्रयासों का प्रमाण है।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि मध्यम उपभोक्ता आधार वाले राज्यों की श्रेणी में सर्वाधिक वेंडर रजिस्ट्रेशन के मामले में छत्तीसगढ़ ने देश में द्वितीय स्थान प्राप्त किया है, जिसके लिए राज्य का चयन पीएम सूर्यघर एक्सीलेंस अवार्ड हेतु किया गया है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि ऊर्जा क्षेत्र में राज्य की सक्रियता, योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और जनसहभागिता का सकारात्मक परिणाम है।

मुख्यमंत्री साय ने इस महत्वपूर्ण उपलब्धि के लिए ऊर्जा विभाग, क्रेडा, विद्युत वितरण कंपनियों, सभी अधिकारियों, कर्मचारियों तथा सहयोगी संस्थाओं को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि टीमवर्क, प्रतिबद्धता और बेहतर समन्वय के कारण छत्तीसगढ़ राष्ट्रीय स्तर पर अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित कर रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के कुशल नेतृत्व और मार्गदर्शन में राज्य सरकार ऊर्जा आत्मनिर्भर, पर्यावरण अनुकूल और हरित छत्तीसगढ़ के निर्माण के संकल्प को पूरी प्रतिबद्धता के साथ आगे बढ़ा रही है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने वाले ऐसे प्रयास प्रदेश के नागरिकों को आर्थिक राहत देने के साथ-साथ स्वच्छ एवं सतत विकास की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

कंगना रनौत ने रणवीर सिंह के बैन होने पर किया रिएक्ट

0

कंगना रनौत ने रणवीर सिंह के बैन होने पर किया रिएक्ट
एक्टर रणवीर सिंह पिछले कुछ समय से फिल्म ‘डॉन 3’ की वजह से विवादों में हैं. रणवीर ने ये फिल्म बीच में ही छोड़ दी है. फिल्म का प्री प्रोडक्शन हो चुका है. ऐसे में फिल्म प्रोड्यूसर फरहान अख्तर ने उनकी शिकायत FWICE में की. इसके बाद FWICE ने उन्हें बैन किया. अब कंगना रनौत ने इस पूरे मामले पर रिएक्ट किया है.

रणवीर सिंह के बैन पर बोलीं कंगना रनौत
कंगना रनौत ने रणवीर के बैन होने को लेकर कहा, ‘आप मुझसे पूछ रहे हैं. मुझे तो खुद सभी ने बैन कर दिया था. तो मैं ये कहना चाहूंगी कि जब आपकी हैसियत बढ़ती है तो दुश्मन भी बढ़ते हैं. अब ऐसा नहीं हो सकता कि आपकी हैसियत बढ़े और दुश्मन न बने. तो आज रणवीर सिंह को सोचना चाहिए कि उनकी क्या हैसियत है कि उनके इतने दुश्मन है. तो अच्छा है. जिंदगी में जब आप आगे बढ़ते हैं तो कई तरह की रुकावटें आती हैं. मेरे साथ तो ये इतना हुआ है. आज मैं ठीक कर रही हूं. मेरी भी अच्छी गाड़ी चल रही है. कुछ फर्क नहीं पड़ता. आखिर में सब ठीक हो ही जाती है.’

‘डॉन 3’ का क्या है मामला?
बता दें कि रणवीर सिंह के ‘डॉन 3’ बीच में छोड़ने से प्रोड्यूसर्स को काफी नुकसान हुआ. FWICE में मामले की शिकायत हुई. FWICE से प्रोड्यूसर फरहान अख्तर और रितेश सिधवानी ने बताया कि फिल्म का प्री-प्रोडक्शन हो गया है और अभी तक 45 करोड़ खर्च हो गया है. प्रोड्यूसर को भारी नुकसान उठाना पड़ा है. उन्होंने रणवीर सिंह से 45 करोड़ की मांग की.

इसके बाद FWICE ने रणवीर को तब तक के लिए बैन किया जब तक वो पूरा पैसा लौटा नहीं देते हैं.

CBSE के चेयरमैन राहुल सिंह और सचिव हिमांशु गुप्ता का तबादला

0

CBSE के चेयरमैन राहुल सिंह और सचिव हिमांशु गुप्ता का तबादला
केंद्र की मोदी सरकार ने केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) जुड़े मुद्दों को लेकर बड़ा कदम उठाया है. CBSE के चेयरमैन राहुल सिंह और सचिव हिमांशु गुप्ता का तबादला कर दिया गया है. सीबीएसई की ‘ऑन- स्क्रीन मार्किंग’ (OSM) प्रणाली में बड़े पैमाने पर हुईं कथित अनियमितताओं के बाद ये कदम उठाया गया है.

ऑन- स्क्रीन मार्किंग को लेकर इंक्वायरी कमेटी का भी गठन
CBSE की ओर से ऑन-स्क्रीन मार्किंग की प्रक्रिया में गड़बड़ी की जांच के लिए एक इंक्वायरी कमेटी का भी गठन किया गया है. यह समिति पूरे मामले की गहराई से जांच करेगी. इस समिति की कमान कैपेसिटी बिल्डिंग कमिशन (CBC) की अध्यक्ष एस. राधा चौहान को सौंपी गई है. वह जरूरत पड़ने पर दूसरे विभागों के अधिकारियों की मदद ले सकती हैं.

इसके अलावा, समिति को कामकाज में मदद (Secretarial Assistance) देने की जिम्मेदारी भी कैपेसिटी बिल्डिंग कमिशन को ही सौंपी गई है. इस समिति को अपनी जांच पूरी करके एक महीने के भीतर कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) को अपनी रिपोर्ट सौंपनी होगी. ऑन-स्क्रीन मार्किंग के तहत छात्रों की कॉपियों को स्कैन करके कंप्यूटर स्क्रीन पर जांचा जाता है. सीबीएसई का दावा है कि इससे कॉपियां जल्दी और बिना किसी भेदभाव के जांची जाती हैं, लेकिन इस व्यवस्था के लागू होने के बाद छात्रों और अभिभावकों ने कई तरह की शिकायतें की हैं.

छात्रों और अभिभावकों का क्या है आरोप ?
छात्रों और अभिभावकों का आरोप है कि डिजिटल तरीके से कॉपियां जांचने के बाद जब रिजल्ट आया तो नंबरों के दोबारा मिलान (री-इवैल्युएशन) की प्रक्रिया में उन्हें सही और साफ जानकारी नहीं मिली. कुछ छात्रों का कहना है कि उन्होंने जितना अच्छा लिखा था, उन्हें उससे बहुत कम नंबर मिले, जबकि कुछ का तो यह भी दावा है कि उनके रिजल्ट में जो कॉपी जांची गई, वह उनकी थी ही नहीं. इसके अलावा कॉपियों के खराब स्कैन होने, कंप्यूटर पर जांच के दौरान तकनीकी खराबी आने, नंबर चढ़ाने में गलती होने और डिजिटल तरीके में कमियां ढूंढना मुश्किल होने जैसी शिकायतें भी सामने आई हैं.

सुशासन का संदेश लेकर गांव-गांव पहुंच रही सरकार, योजनाओं की जमीनी हकीकत जानने स्वयं पहुंचे मुख्यमंत्री

0

सुशासन का संदेश लेकर गांव-गांव पहुंच रही सरकार, योजनाओं की जमीनी हकीकत जानने स्वयं पहुंचे मुख्यमंत्री
रायपुर-प्रदेशव्यापी सुशासन तिहार के अंतर्गत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज बीजापुर जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र स्थित ग्राम कोण्डापल्ली पहुंचे। मुख्यमंत्री ने यहां आयोजित जनचौपाल में ग्रामीणों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं, योजनाओं के क्रियान्वयन की जमीनी स्थिति जानी तथा शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों से मुलाकात कर उनके जीवन में आए सकारात्मक बदलावों की जानकारी ली।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि सुशासन तिहार केवल एक प्रशासनिक अभियान नहीं, बल्कि सरकार और जनता के बीच विश्वास को और मजबूत करने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि शासन की योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और किसी भी जरूरतमंद को अपने अधिकारों एवं सुविधाओं के लिए भटकना न पड़े। इसी भावना के साथ सरकार स्वयं गांव-गांव पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुन रही है और उनके समाधान का प्रयास कर रही है।

जनचौपाल के दौरान मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉलों का अवलोकन किया तथा हितग्राहियों को वनाधिकार मान्यता पत्र, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र, प्रधानमंत्री आवास योजना, श्रम कार्ड, किसान हितग्राही योजनाओं सहित विभिन्न योजनाओं के तहत लाभ वितरित किए। उन्होंने लाभार्थियों से चर्चा कर योजनाओं के प्रभाव और उनके अनुभवों की जानकारी भी प्राप्त की।

मुख्यमंत्री साय ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों से प्राप्त आवेदनों एवं शिकायतों का प्राथमिकता के आधार पर समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि किसी भी योजना की वास्तविक सफलता तब मानी जाएगी जब उसका लाभ पात्र व्यक्ति तक सही समय पर पहुंचे और आमजन को शासन की संवेदनशीलता का अनुभव हो।मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं के समाधान के लिए सरकार पूरी प्रतिबद्धता और संवेदनशीलता के साथ कार्य कर रही है तथा क्षेत्र के विकास में कोई कमी नहीं आने दी जाएगी।

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि बस्तर सहित प्रदेश के दूरस्थ और वनांचल क्षेत्रों में विकास की नई धारा पहुंचाना राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। सुशासन तिहार के माध्यम से शासन लोगों के द्वार तक पहुंच रहा है, जिससे न केवल समस्याओं का त्वरित निराकरण हो रहा है, बल्कि शासन के प्रति आमजन का विश्वास भी लगातार मजबूत हो रहा है।इस अवसर पर मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के विशेष सचिव रजत बंसल सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित थे।