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आधारभूत सुविधा मिलने से पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सकारात्मक वातावरण में कार्य करने की मिलेगी प्रेरणा : मुख्यमंत्री साय

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आधारभूत सुविधा मिलने से पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सकारात्मक वातावरण में कार्य करने की मिलेगी प्रेरणा : मुख्यमंत्री साय
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज पुलिस मुख्यालय नया रायपुर से वर्चुअली जुड़कर विभिन्न जिलों में 8 नए साइबर थानों और 255 करोड़ रुपए की लागत से तैयार पुलिस आवासीय भवनों तथा थाना भवनों का लोकार्पण किया। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों और पुलिस के जवानों को इस विशेष पहल के लिए शुभकामनाएं दी।

मुख्यमंत्री साय ने इस मौके पर कहा कि आज का दिन पुलिस विभाग के लिए अत्यंत सौभाग्य का है, क्योंकि 255 करोड़ रुपए के विभिन्न निर्माण कार्यों का लोकार्पण किया गया है। उन्होंने कहा कि प्रेजेंटेशन के माध्यम से हमने देखा कि साइबर थाना, एसडीओपी कार्यालय, चौकी भवन, ट्रांजिट हॉस्टल एवं आवासीय भवन अत्यंत सुंदर और सुविधाजनक बनाए गए हैं। मुख्यमंत्री ने गुणवत्तापूर्ण निर्माण के लिए संबंधित एजेंसियों की सराहना करते हुए कहा कि इन सुविधाओं से पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सकारात्मक वातावरण में कार्य करने की प्रेरणा मिलेगी और वे अपने कर्तव्यों का और अधिक प्रभावी ढंग से निर्वहन कर सकेंगे। साय ने कहा कि सरकार का सतत प्रयास है कि कर्मचारियों और अधिकारियों को बेहतर आवास एवं कार्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, जिससे प्रदेश में कानून व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ हो सके। उन्होंने कहा कि यह एक अच्छी शुरुआत है और इससे सुदूर अंचलों तक भी सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत किया जा सकेगा।

उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने बताया कि प्रदेश में साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए अनेक स्थानों पर साइबर पुलिस थानों की शुरुआत की जा रही है। आज जशपुर, रायगढ़ और राजनांदगांव जिलों सहित कुल 8 नए साइबर थानों का शुभारंभ किया गया है। इससे पूर्व प्रदेश के पांच जिलों में साइबर थाना संचालित हैं। भविष्य में आवश्यकता के अनुसार अन्य जिलों में भी साइबर थाने स्थापित किए जाएंगे। इसके साथ ही चार जिलों में भारत वाहिनी के कैंपस, नौ जिलों में नए थाना भवन, माना में सेंट्रल आर्म्ड फोर्स की चौकी तथा आवासीय भवनों का भी लोकार्पण किया गया। गृहमंत्री शर्मा ने 255 करोड़ रुपए की लागत से पूर्ण हुए इन निर्माण कार्यों एवं 8 नए साइबर थानों की स्वीकृति और लोकार्पण के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए सभी को बधाई एवं शुभकामनाएं दी।

इस अवसर पर मुख्य सचिव विकास शील, अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार पिंगुआ, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, पुलिस महानिदेशक अरुण देव गौतम, मुख्यमंत्री के सचिव राहुल भगत, गृह विभाग के सचिव हिमशिखर गुप्ता, पुलिस महानिदेशक पुलिस हाउसिंग कॉर्पोरेशन पवन देव, एडीजी एसआरपी कल्लूरी, एडीजी प्रदीप गुप्ता, एडीजी विवेकानंद सिन्हा, एडीजी दीपांशु काबरा, एडीजी अमित कुमार सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। साथ ही वनमंत्री केदार कश्यप, उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन, विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा, विधायक भईया लाल रजवाड़े, ललित चंद्राकर, विधायक मती रायमुनि भगत एवं जनप्रतिनिधि वर्चुअल माध्यम से कार्यक्रम में सहभागी रहे।

उल्लेखनीय है कि आज मुख्यमंत्री ने बालोद जिले के 21वीं भारत रक्षित वाहिनी करकाभाट, पुलिस थाना भवन सनौद, महासमुंद जिले के 20वीं भारत रक्षित वाहिनी परसदा, धमतरी जिले के पुलिस चौकी भवन करेलीबड़ी, रायपुर जिले के सेन्ट्रल आर्म्स स्टोर, 4थीं वाहिनी माना, ट्रांजिट हॉस्टल, बस्तर जिले के 19वीं भारत रक्षित वाहिनी करनपुर, बीजापुर जिले के पुलिस थाना भवन तर्रेम, पुलिस थाना भवन नैमेड़, सुकमा जिले के पुलिस थाना भवन चिंतागुफा, पुलिस थाना भवन चिंतलनार, कांकेर जिले के 22वीं भारत रक्षित वाहिनी भीरावाही, नारायणपुर जिले के पुलिस थाना भवन भरण्डा, पुलिस थाना भवन बैनुर, ट्रांजिस्ट हॉस्टल नारायणपुर, दुर्ग जिले के पुलिस थाना भवन पद्द्मनाभपुर, पुलिस थाना भवन पुलगांव, 36 अराजपत्रित एवं 48 प्रधान आरक्षक आवासगृह, एस.डी.ओ.पी. कार्यालय भवन धमधा, बेमेतरा जिले के एस.डी.ओ.पी. कार्यालय भवन बेरला, राजनांदगांव जिले के एस.आई.बी. फिल्ड यूनिट, ट्रांजिट हॉस्टल, दुर्ग, सूरजपुर जिले के पुलिस चौकी कुदरगढ़, कोरिया जिले के 24 अराजपत्रित एवं 144 प्र.आर./आरक्षक आवासगृह बैकुण्ठपुर एवं ट्रांजिट हॉस्टल बलरामपुर का लोकार्पण किया।

राहुल का मप्र कांग्रेस नेताओं को साफ संदेश—प्लानिंग नहीं,रिजल्ट चाहिए

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राहुल का मप्र कांग्रेस नेताओं को साफ संदेश—प्लानिंग नहीं,रिजल्ट चाहिए
दिल्ली में मप्र कांग्रेस का मंथन

भोपाल। दिल्ली में बुधवार को मध्यप्रदेश कांग्रेस की अहम बैठक हुई। इसमें पार्टी ने अब सिर्फ मुद्दे उठाने की नहीं,बल्कि जमीन पर असर दिखाने वाली राजनीति की दिशा तय की है। कांग्रेस नेतृत्व ने साफ कर दिया कि हर वर्ग के लिए अलग घोषणा नहीं,बल्कि जिम्मेदारी तय कर फॉलोअप और रिजल्ट दिखाना प्राथमिकता होगी।

दिल्ली कांग्रेस मुख्यालय में हुई इस बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल मौजूद रहे। राहुल गांधी ने मप्र कांग्रेस नेताओं से कहा कि एसटी, एससी, ओबीसी, महिलाएं और अल्पसंख्यक—हर वर्ग की समस्याएं अलग हैं। पहले उन्हें समझा जाए, फिर उनके समाधान के लिए समयबद्ध और मापने योग्य योजना बनाई जाए।

पद नहीं, परफॉर्मेंस दिखे
सूत्रों के मुताबिक,राहुल गांधी ने संगठन में जवाबदेही पर जोर देते हुए कहा कि जिला अध्यक्षों और पदाधिकारियों का मूल्यांकन काम के आधार पर होगा। किसे क्या जिम्मेदारी दी गई है और उसका नतीजा क्या निकला,इसकी नियमित मॉनिटरिंग जरूरी है। उन्होंने संकेत दिए कि निष्क्रिय पदाधिकारियों पर आगे सख्ती हो सकती है।

एसआईआर और इंदौर दूषित जलकांड पर सख्त रुख
बताया जाता है कि बैठक में एसआईआर प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची से नाम हटाए जाने का मामला भी उठा। पार्टी नेतृत्व ने इसे लोकतंत्र से जुड़ा बड़ा मुद्दा बताते हुए जोरशोर से उठाने के निर्देश दिए। बैठक में इंदौर में प्रदूषित जल से हुई मौतों के मामले में भी चर्चा हुई। पार्टी नेताओं ने इसे प्रशासनिक लापरवाही करार देते हुए राज्य सरकार को घेरने की रणनीति बनाने के निर्देश दिए। माना जा रहा है कि कांग्रेस विधानसभा के बजट सत्र में इस मामले में सरकार को घेरने की कोशिश करेगी।

संगठन विस्तार और मनरेगा भी एजेंडे में
बैठक में संगठन विस्तार, ब्लॉक और जिला स्तर पर रिक्त पदों की शीघ्र नियुक्ति तथा मनरेगा में कथित अनियमितताओं व योजना का नाम बदले जाने को लेकर भी चर्चा हुई। कांग्रेस नेतृत्व ने साफ कहा कि रोजगार और बुनियादी सुविधाओं के मुद्दे अगले चुनाव में अहम भूमिका अदा कर सकते हैं,लिहाजा इन पर रणनीति बनाकर काम किया जाए।

पहले मप्र के नेताओं की सुनी बात
बैठक में मप्र कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी हरीश चौधरी,सांसद दिग्विजय सिंह,प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी,नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार,सीडब्लयूसी सदस्य कमलेश पटेल मौजूद रहे। शुरुआत में पार्टी के राष्ट्रीय नेतृत्व ने सभी नेताओं की बात बारी—बारी से ध्यान से सुनी। बाद में अपना फैसला सुनाया। बैठक के जरिए कांग्रेस ने संकेत दे दिया है कि मध्यप्रदेश में पार्टी अब सिर्फ विरोध की राजनीति नहीं, बल्कि ठोस एजेंडा पर काम करेगी।
मप्र में असंतोष को मुद्दा बनाएगी कांग्रेस
बैठक के बाद प्रदेश कांग्रेस प्रभारी हरीश चौधरी ने मीडिया से कहा कि मध्यप्रदेश में हर वर्ग परेशान हैं। कांग्रेस का फोकस अब आमजन के असंतोष को मुद्दों में बदलने और सड़क से सदन तक मजबूती से उठाने पर रहेगा। उन्होंने संकेत दिए कि आगामी महीनों में आंदोलन और जनता से संवाद तेज किया जाएगा।

याद है या नही भाईयों बहनों मेरी बिटिया हास्पिटल में अपनी सेवा प्रदान करेगी

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कोतमा- विधानसभा क्षेत्र की आमजनता को शायद यह चुनावी जुमला याद होगा अगर नहीं है तो हम बताते है बात उन दिनों कि है जब विधानसभा चुनाव का आगाज हुआ था तमाम स्वार्थी प्रवत्ति के नेता अपना अपना स्वार्थ सिंध करनें अपनें अपनें पक्ष में मतदान करानें कोतमा क्षेत्र की आमजनता से तरह तरह के सच्चे झूठे वादें कर रहें थें ! उसमें एक प्रत्याशी ने कोतमा क्षेत्र की आमजनता से कहा था कि मै चुनाव जीतू या हारू मगर कोतमा क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था में निश्चित सुधार कर दूंगा क्योंकि मेरी बेटियां हास्पिटल में अपनी सेवा देगी आप सभी का ईलाज करेगी ! विधानसभा चुनाव समाप्त हुए लगभग 2 वर्ष होने को आए जीत हार का फैसला भी हो गया चुनाव में जो खर्च किया गया था उसकी भी भरपाई वसूली लगभग हो चुकी है ! लेकिन अभी तक कोतमा क्षेत्र की स्वास्थ्य व्यवस्था जस की तस है ! मतलब साफ़ है कि बेहतर स्वास्थ्य सुविधा देने वाला बयान सिर्फ एक चुनावी जुमला ही था ! अब जनता जुमले बाज नेताओं का क्या बिगाड़ सकती है ! जिसे चुनाव जीतना था वो जीत गया जिसे चुनाव हारना था वो हार गया अब बचें तीन सालों में सिर्फ जमकर वसूली करनी है ! जिससे आगामी चुनावों में टिकट खरीदने से लेकर आमजनता का वोट एवं कार्यकर्ताओं का ईमान खरीदने में किसी भी प्रकार की कोई दिक्कत ना हो !

नगर में बढ़ते भ्रष्टाचार पर सुनील सराफ की बोलती क्यों है बंद

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आमीन वारसी

कोतमा- नगर की आमजनता को भाजपाईयों की बेबसी और मजबूरी तो समझ में आ रही कि मंत्री जी ने भाजपाईयों के हाथ मुंह बाध रखें है लेकिन कोतमा विधानसभा क्षेत्र में विपक्ष की भूमिका पर विराजमान पूर्व कोतमा विधायक सुनील सराफ भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज बुलंद करतें क्यों नज़र नही आ रहें ! माननीय सुनील सराफ और उनके लोग पूर्व परिषद पर जमकर बरसा करतें थें छाती पीट पीट कर भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज बुलंद किया करतें थें भाजपा सरकार और भाजपाईयों पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाया करतें थें ! लेकिन आज वही माननीय सुनील सराफ जी कोतमा नगर पालिका द्वारा किये जा रहें ऐतिहासिक भ्रष्टाचार पर चुप क्यों है !

कोतमा नगर की आम जनता सुनील सराफ जी से यह जानना चाहती है कि कोतमा नगर पालिका द्वारा किये जा रहें भ्रष्टाचार के खिलाफ आप मोर्चा क्यों नही खोल रहें ! क्या आप विपक्ष अर्थात कांग्रेस नेता नही है अगर आप विपक्ष कांग्रेस नेता है तो क्या आपका ये धर्म नही बनता कि कोतमा नगर पालिका द्वारा किये जा रहें भ्रष्टाचार पर आवाज उठाना चाहिए ! अगर सही मायने में देखा जाए तो नगर में हो रहें भ्रष्टाचार के मुख्य जिम्मेदार सुनील सराफ ही है वो इसलिए कि नगरीय निकाय चुनाव में कोतमा नगर की आम जनता से सुनील सराफ ने कांग्रेस पार्टी का समर्थन करनें सहित कांग्रेस पार्टी के पक्ष में वोट करनें कि अपील की थी ! वही कोतमा नगर एवं वार्ड की जनता ने भी सुनील सराफ पर विश्वास जताया था और उसी विश्वास के आसरे आम जनता ने कांग्रेस पार्टी के पक्ष में अपना समर्थन दिया था ! तब कही जाकर कोतमा नगर पालिका में कांग्रेस की परिषद बन पाई साथ ही सुनील सराफ द्वारा नगर पालिका अध्य्क्ष के रूप में अजय सराफ का चयन किया गया था !

ये अलग बात है कि नपा अध्यक्ष अजय सराफ ने भाजपा का दामन थाम लिया  

मगर इन सब बातों से नगर की आम जनता को कोई लेना देना नही सुनील सराफ जी नगर की आम जनता सिर्फ इतना जानती है कि आपनें चुनाव के दौरान नगर की जनता से कांग्रेस की परिषद बनानें का आशीर्वाद मांगा था जैसे कोतमा नगर की आम जनता ने दिल खोल कर अपना आशीर्वाद दिया था !
ठीक उसी तरह अब आपका भी ये धर्म बनता है कि नगर पालिका द्वारा किये जा रहें भ्रष्टाचार एवं कोतमा नगर में फैली अव्यवस्था पर सुनील सराफ खुलकर सामनें आए और कोतमा नगर पालिका परिषद के विरुद्ध अपनी आवाज बुलंद करे ! जिससे कोतमा नगर की आम जनता में यह विश्वास बना रहें कि सुनील सराफ ने कोतमा नगर वासियों के साथ कोई विश्वास घात नही किया है !

आखिर एक के बाद एक भ्रष्टाचार का आरोप भाजपा नपा अध्यक्ष पर भाजपा पार्षद क्यों लगा रहें

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कोतमा- आखिर एक के बाद एक भाजपा पार्षदों द्वारा नए नवेले भाजपा नगर पालिका अध्यक्ष अजय सराफ पर भ्रष्टाचार का आरोप क्यों‌ लगाया जा रहा कुछ तो गड़बड़ है ! अभी कुछ दिन पूर्व वार्ड 13 की भाजपा पार्षद मीना अंकित सोनी ने नगर पालिका अध्य्क्ष अजय सराफ पर भ्रष्टाचार करनें का खुला आरोप लगाया था ! वही अब एक और भाजपा पार्षद ने भी भ्रष्टाचारी नगर पालिका अध्यक्ष अजय सराफ के मोर्चा खिलाफ खोल दिया है ! वार्ड 13 की भाजपा पार्षद मीना अंकित सोनी ने नपाध्यक्ष पर भ्रष्टाचार का गंभीर आरोप लगातें हुए स्वयं सभापति के पद से इस्तीफा दे दिया है ! तो दूसरे भाजपा पार्षद नोहर सिंह ने नपा अध्यक्ष अजय सराफ द्वारा गठित पीआईसी पर सवाल खड़ा किया है ! साथ ही उच्च अधिकारियों से सम्पूर्ण मामलें की शिकायत करनें के साथ ही कोतमा नगर में चल रहें तमाम निर्माण कार्यो के गुणवत्ता की उच्च स्तरीय जांच सहित वर्तमान पीआईसी को निरस्त करनें की मांग कि है !

यकीनन भ्रष्टाचार तो सभी सीमाएं पार कर चुका है-

हलाकि दोनों भाजपा पार्षदों ने अध्यक्ष पर कोई गलत आरोप नही लगाया है सच यही है कि समस्त निर्माण कार्यो में गुणवत्ता का ध्यान बिल्कुल भी नही रखा जा रहा ! नगर पालिका अध्यक्ष एवं भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने वालें दोगले पार्षद सहित सीएमओ इंजीनियर की महेरबानी से दो तीन चहेते ठेकेदार मनचाहा निर्माण कार्य कर रहें है ! फिर इन्ही दो चार चहेते ठेकेदारों द्वारा नगर पालिका अध्यक्ष एवं दोगले भ्रष्टाचारी पार्षद सहित नगर पालिका सीएमओ इंजीनियर को मनचाहा कमीशन देकर गुणवत्ता विहीन घटिया निर्माण कार्यो का भी भुगतान आसानी से करा लिया जाता है ! अपना तो यही है कहना करतें रहो भ्रष्टाचार पर भ्रष्टाचार कोई नगर विकास‌ और समाज सेवा करनें के लिए थोड़ी लाखों करोड़ों ख़र्च करके कोई अध्यक्ष पार्षद बना है !

 

कही ये विवाद अध्यक्ष की कुर्सी ना छीन लें-

परिषद बनें लगभग ढाई साल हो गए और अगर इसी तरह पार्षद मोर्चा खोलते रहें तो तीन साल पूरे होतें ही नगर पालिका अध्यक्ष अजय सराफ को एक बार फिर जोर का झटका धीरे से लगेगा ! क्योंकि तीन साल जैसे पूरा होगा अजय सराफ को नगर पालिका अध्यक्ष की कुर्सी बचानें के लिए एक बार फिर पार्षदों को मनानें की कीमत चुकानी पड़ेगी ! पहली बार कुर्सी पानें के लिए कीमत चुकाई थी अब कुर्सी बचानें के लिए चुकानी पड़ेगी अगर कीमत नही चुकाया तो निश्चित अध्यक्ष की कुर्सी छिन जाएगी ! शायद इसीलिए भी नगर पालिका द्वारा कराएं जा रहें निर्माण कार्यो में जमकर भ्रष्टाचार चल रहा क्योंकि कुछ महीने बाद होनें वालें राजनैतिक कार्यक्रम फ्लोर टेस्ट में इसी भ्रष्टाचार के पैसे से पार्षदों को खरीद कर कुर्सी बचाई जाएगी !

आज भी आका सुनील सराफ के नक्शे कदम पर चल रहें अजय सराफ

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कोतमा- ऐसा हम नही वार्ड नं 13 से भाजपा पार्षद मीना अंकित सोनी कह रहें है मीना अंकित सोनी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि भले ही माननीय मंत्री दिलीप जायसवाल जी द्वारा कोतमा नगर पालिका परिषद भाजपाई करण करके एक अच्छी परिषद चलानें का मंत्र अध्यक्ष अजय सराफ को दिया गया हो ! लेकिन आज भी कोतमा नगर पालिका परिषद कांग्रेस पूर्व विधायक सुनील सराफ के नेतृत्व और विचार धारा पर चल रही है ! जब कांग्रेस‌ परिषद भंग करके माननीय मंत्री जी द्वारा भाजपा की नई परिषद का गठन किया गया था तो हमें लगा था कि अब कोतमा नगर पालिका परिषद भारतीय जनता पार्टी की विचार धारा और माननीय मंत्री जी के नेतृत्व में चलेगी ! लेकिन वो सिर्फ हमारा भ्रम था नगर पालिका अध्य्क्ष अजय सराफ सिर्फ अपनी अध्यक्ष की कुर्सी बचानें और भ्रष्टाचार करके पैसा कमाने करने के लिए भाजपा में शामिल इसलिए हुए थें और नगर पालिका अध्यक्ष अजय सराफ भाजपा में शामिल होकर भी अपनें आका सुनील सराफ की विचार धारा इशारे पर काम कर रहें !

मुह पर कालिख पोतने का लिया जा रहा बदला-

अंकित सोनी ने बताया कि मेरे द्वारा सुनील सराफ के बैनर पर कालिख पोता गया था इसलिए सुनील सराफ द्वारा बनाएं गए नगर पालिका अध्यक्ष अजय सराफ द्वारा मेरे वार्ड में काम ना कराकर बदला लिया जा रहा !‌‌ वो इसलिए कि सही मायने में देखा जाए तो नगर पालिका अध्य्क्ष अजय सराफ को आका सुनील सराफ ने ही अध्यक्ष बनाया ! माननीय मंत्री जी ने तो कोतमा नगर विकास में किसी प्रकार की बाधा ना आए इसलिए अजय सराफ को भाजपा में शामिल कराकर अच्छी परिषद चलानें का मूल मंत्र दिया था ! माननीय मंत्री दिलीप जायसवाल जी को क्या मालूम था कि अजय सराफ सिर्फ अपनें स्वार्थ के लिए भ्रष्टाचार करके पैसा कमाने के लिए अपनें आका सुनील सराफ की गाड़ी के डीजल पेट्रोल‌ सहित अन्य खर्चा उठाने के लिए भाजपा में शामिल हो रहा !

शासकीय भूमि पर हो रहें अवैध कब्जे को क्या है कोई देखने वाला

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आमीन वारसी-

कोतमा- वर्षों से जंगल की शासकीय भूमि खेल मैदान पर नगर का हर युवा क्रिकेट खेलकर बड़ा हुआ उक्त मैदान पर वर्षों से कई सास्कृतिक धार्मिक एवं राजनैतिक कार्यक्रम भी होतें आ रहें ! लेकिन आज अचानक वही शासकीय भूमि खसरा नं 232 प्राइवेट भूमि में तब्दील हो गई ! जबकि वर्ष‌ 1980 से पहले राजस्व रिकॉर्ड अनुसार कोतमा तहसील अंतर्गत पटवारी हल्का गोइदा खसरा नं 230-231-232 की संपूर्ण भूमि पर जंगल दर्ज है ! फिर भी उक्त शासकीय भूमि कैसे प्राइवेट भूमि बन गई इसका नगर वासियों एवं वार्ड वासियों को पता नही है !

वही स्थानीय राजस्व विभाग के जिम्मेदार अधिकारी कोतमा एसडीएम अजीत तिर्की एवं तहसीलदार ईश्वर प्रधान जी पूरी तरह मौन धारण किये हुए है ! कोई भी उक्त शासकीय भूमि पर खुलेआम हो रहें कब्जे पर बोलने को तैयार नही है ! कोतमा नगर की आमजनता को मालूम हो कि कोतमा नगर पालिका अंतर्गत वार्ड नं 10 जमुना तिराहा मजार ग्राउंड की उक्त शासकीय भूमि खसरा नं 232 पर अवैध कब्जा चल रहा !

बता दे कि उक्त शासकीय भूमि पर भालूमाडा़ निवासी अशोक त्रिपाठी द्वारा कब्जा किया जा रहा पूछने पर अशोक त्रिपाठी द्वारा बताया गया कि कोतमा नगर पालिका अध्य्क्ष अजय सराफ जी द्वारा मुझे यह भूमि खसरा नं 232 बेची गईं है  इसलिए इस भूमि खसरा नं 232 पर निर्माण कर रहा हूँ !

वही वार्ड वासियों का कहना है कि वार्ड नं 10 की अधिकतर भूमि जंगल शासकीय एवं आदिवासियों की है ! यहाँ निवासरत लगभग 80℅ लोग जंगल एवं शासकीय भूमि पर मकान दुकान बनाकर अपना जीवन यापन कर रहें साथ ही वर्षों से शासकीय भूमि खसरा नं 232 पर तरह तरह के कार्यक्रम होते चलें आ रहें नगर एवं वार्ड मोहल्ले के बच्चे क्रिकेट फुटबॉल सहित अन्य खेल टूनामेन्ट‌ करतें आ रहें है ! आज वही भूमि प्राइवेट‌ व्यक्ति की कैसे हो गई जरूर कही ना कही भूमि खरीद फरोख्त के लिए बड़ा गोलमाल किया गया है जिसमें राजस्व जंगल विभाग मिला हुआ है या फिर विभाग से बड़ी चूक हुई है जो निश्चित ही जांच का विषय है ! वार्ड वासियों का कहना है कि अगर जिम्मेदार विभाग उचित जाचं कर उचित कार्यवाही नही करेगा तो हम वार्ड वासी मजबूर होकर आदोंलन प्रर्दशन करेगें जिसकी जिम्मेदारी शासन प्रशासन की होगी !

धोखाधड़ी से नई मोबाइल सिम जारी करनें वालें मोबाइल सिम विक्रेता एवं सहयोगी कोतवाली पुलिस ने किया गिरफ्तार

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आमीन वारसी

अनूपपुर – पुलिस अधीक्षक मोती उर रहमान जी द्वारा साइबर सेल अनूपपुर से कराई गई जांच उपरांत थाना कोतवाली अनूपपुर पुलिस द्वारा धोखाधड़ी कर नई मोबाइल सिम जारी करने वालें मोबाइल सिम विक्रेता एवं सहयोगी के विरुद्ध अपराध दर्ज कर गिरफ्तार किया है ! हीरालाल पिता भारत लाल उम्र करीब 22 साल निवासी ग्राम कांसा (पिपरिया ) थाना कोतवाली अनूपपुर के द्वारा पुलिस अधीक्षक अनूपपुर मोती उर रहमान जी से मिलकर शिकायत की गई कि दिनांक 21.03.2024 को ग्राम कांसा में पवन सोनी नाम का व्यक्ति छतरी के साथ अपनी चलित दुकान लगाकर नई मोबाइल सिम जारी कर विक्रय करने और मोबाइल सिम को पोर्ट का काम करने आया था जो हीरालाल के पास पहले से ही आइडिया कंपनी की मोबाइल सिम थी, जिसका गांव में नेटवर्क अच्छा न मिलने से जिओ कंपनी में पोर्ट करने के लिए पवन सोनी से जाकर दुकान पर मिला और अपनी सिम को पोर्ट करा लिया ! कुछ दिनों बाद जब हीरालाल एयरटेल कंपनी की नई सिम जारी करने अपने आईडी लेकर पहुंचा तो उसे जानकारी मिली कि पहले से ही उसके नाम पर एयरटेल कंपनी की सिम दिनांक 21.03.2024 को जारी की गई है जबकि उसके द्वारा एयरटेल कंपनी की सिम खरीदी ही नहीं गई थी वही हीरालाल के नाम से जारी मोबाइल सिम का प्रयोग अन्य व्यक्ति कर रहा था ! पुलिस अधीक्षक अनूपपुर मोती और रहमान द्वारा उक्त शिकायत की साइबर सेल अनूपपुर से जांच कराई गई और जांच पर थाना कोतवाली में सिम विक्रेता ( मोबाइल सिम प्रमोटर ) पवन सोनी निवासी ग्राम चकेटी थाना चचाई के विरुद्ध अपराध क्रमांक 43/25 धारा 420 भारतीय दंड विधान पंजीबद्ध किया जाकर विवेचना की गई ! प्रकरण में धोखाधड़ी कर जारी कराई गई सिम को विक्रेता पवन सोनी द्वारा हिमांशु प्रजापति निवासी अमलई को विक्रय करना पाए जाने पर टी. आई.कोतवाली निरीक्षक अरविंद जैन, सहायक उप निरीक्षक सुखीनंद यादव , प्रधान आरक्षक महेंद्र सिंह एवं साइबर सेल से प्रधान आरक्षक राजेंद्र अहिरवार द्वारा पवन सोनी पिता परसराम सोनी उम्र 21 साल निवासी ग्राम चकेठी थाना चचाई जिला अनूपपुर एवं हिमांशु प्रजापति पिता हरेंद्र प्रजापति उम्र करीब 23 साल हाल निवासी अमलई थाना जिला अनूपपुर स्थाई निवासी सिवान बिहार को गिरफ्तार किया गया है ! पुलिस अधीक्षक अनूपपुर मोती उर रहमान द्वारा फर्जी तरीके से धोखाधड़ी कर जारी कराई गई मोबाइल सिम मध्य प्रदेश एवं मध्य प्रदेश के बाहर किन राज्यों में साइबर फ्रॉड में दुरुपयोग कर अवैध लाभ अर्जित किया गया है, इस संबंध में गहन जांच कराई जा रही है ! पुलिस अधीक्षक अनूपपुर मोती उर रहमान जी द्वारा जिले के नागरिकों के लिए एडवाइजरी जारी की गई है कि नई मोबाइल सिम खरीदते वक्त अपनी आईडी, बायोमेट्रिक एवं लाइव फोटो देते वक्त विशेष सावधानी रखें जिससे इस तरह की धोखाधड़ी से बचा जा सकें !

अनूपपुर कोतवाली पुलिस की शानदार कार्यवाही चोर सहित चोरी का सामान खरीदने वाले साहूकार को भी किया गिरफ्तार 

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आमीन वारसी –

अनूपपुर कोतवाली पुलिस ने एक शानदार कार्यवाही की है शानदार कार्यवाही हम इसलिए कह रहें है कि इस बार पुलिस ने चोरी करनें वालों के साथ साथ चोरी का सामान खरीदने वालें साहूकारों पर भी मामला दर्ज कर दिया है ! जिससे अब यह होगा कि चोरी का सामान खरीदने साहूकार चोरी का सामान खरीदने से मना कर देगें और जब चोर से चोरी का सामान कोई खरीदेगा ही नही तो शायद कुछ हद तक चोरी की वारदात कम होगी !

पुलिस अधीक्षक मोती उर रहमान के निर्देशन में कोतवाली पुलिस ने सूने घर में हुई चोरी मामलें पर सफलता प्राप्त की है ! बता दे कि अनूपनगर में चोरी की घटना घटित हुई थी सूने घर का ताला तोड़कर अज्ञात चोर सोने चांदी के लगभग 3 लाख रुपए मूल्य के जेवरात चोरी कर ले गए थें जिसे अनूपपुर कोतवाली पुलिस ने चोर और साहूकार सहित जेवरात भी बरामद कर लिया हैं !

चोरी की घटना का विवरण

दिनांक 11 अगस्त 2024 को दीपक सोनी (उम्र 31 वर्ष), निवासी वार्ड नंबर 13, पुलिस कॉलोनी रोड, बस्ती रोड, अनूपपुर, कोतवाली थाना में शिकायत दर्ज कराई थी ! शिकायत में बताया गया कि वह अपनें परिवार के साथ मैहर दर्शन के लिए गया था, घर पर ताला लगा हुआ था ! अगले दिन लौटने पर उसने देखा कि घर का ताला टूटा हुआ है और सोने-चांदी के जेवरात चोरी हो गए हैं ! इस शिकायत पर कोतवाली थाना में अपराध क्रमांक 378/24, धारा 331(4) और 305(A) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई !

पुलिस कार्यवाही

कोतवाली निरीक्षक अरविंद जैन के नेतृत्व में उपनिरीक्षक प्रवीण साहू, प्रधान आरक्षक महेंद्र सिंह, शेख रशीद, रितेश सिंह, महिला आरक्षक अंकिता सोनी और आरक्षक अब्दुल की टीम ने मामले की जांच करते हुए आरोपियों की पहचान की !

मुख्य आरोपी सोनू सिंह (उम्र 21 वर्ष), निवासी ग्राम छपराटोला, ग्राम लखनपुर, थाना कोतवाली, अनूपपुर को गिरफ्तार किया गया ! चोरी के जेवरात खरीदने में शामिल राजेश सोनी (उम्र 48 वर्ष), निवासी वार्ड नंबर 15, सोनी मोहल्ला, पुरानी बस्ती, अनूपपुर और उसकी पत्नी सुधा सोनी (उम्र 45 वर्ष) को भी गिरफ्तार किया गया !

बरामद जेवरात

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 3 लाख रुपए मूल्य के सोने-चांदी के जेवरात बरामद किए, जिनमें पायल, पाजेब, करधन, हाथ की मेहंदी, बच्चों के हाथ और पैर के चूड़े, गले की चेन, ब्रेसलेट, बड़ों के कंगन और चूड़े, और सोने के कान के 5 जोड़ी टॉप्स शामिल हैं !

आगे की कार्यवाही

मुख्य आरोपी सोनू सिंह के साथ चोरी की घटना में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है ! पुलिस अधीक्षक मोती उर रहमान ने चोरी और चोरी के माल की खरीद-फरोख्त में शामिल अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं ! उन्होंने आरोपियों की निगरानी खोलने और जिला बदर की प्रक्रिया शुरू करनें का भी आदेश दिया है !

अनूपपुर पुलिस का संदेश

अनूपपुर पुलिस अपराध और अपराधियों पर सख्त कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है आम जनता से अनुरोध है कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें !

देश की अनोखी नगर पालिका परिषद कोतमा

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आमीन वारसी

कोतमा –  देश की अजब गजब नगर पालिका परिषद कोतमा जहाँ अध्यक्ष उपाध्यक्ष भाजपा का और सभापति कांग्रेस के यह देखा गया है कि जो कल तक कांग्रेस के बैनर तले खड़े होकर भाजपा की पूर्व परिषद द्वारा किए गए कार्यो को भ्रष्टाचार बताकर चौक चौराहों में हंगामा किया करतें थें ! आज वही नगर की जनता से तरह तरह के वादे करके चुनाव जीतने के बाद खुद भ्रष्टाचार पर भ्रष्टाचार कर रहें है और मजे की बात यह है कि नगर पालिका परिषद द्वारा किये जा रहें भ्रष्टाचार के खिलाफ अब आवाज उठाने वाला भी कोई नही है !

क्योंकि जो भ्रष्टाचार पर आवाज बुलंद किया करतें थें भाजपा पार्षद विपक्ष में रहकर समय समय पर विरोध किया करतें थें उनकी बोलती भारतीय जनता पार्टी के माननीय मंत्री जायसवाल जी बंद करके नगर पालिका से विपक्ष की भूमिका ही समाप्त कर दिए जिससें परिषद बेलगाम हो गई अब रोक टोक करनें वाला कोई नही रहा !

भाजपा कांग्रेस मिक्स परिषद –

आप कोतमा नगर पालिका परिषद को मिक्स नगर पालिका परिषद कह सकतें है एक तरह से ये अच्छा संदेश है कि भाजपा कांग्रेस मिलकर नगर सत्ता चला रहें लेकिन जिस परिषद में विपक्ष की भूमिका समाप्त हो जाए समझ लो उस परिषद में भ्रष्टाचार सर चढ़कर बोलता है और कोतमा नगर पालिका में यही हो रहा मनचाहे तरीके से कार्य चल रहा ! वही अगर मुख्य नगर पालिका अधिकारी प्रदीप झारिया की बात करें तो सीएम ओ भले ही नौकरी सरकार की कर रहें वेतन भी सरकार से ही ले रहें लेकिन काम नेताओं के मन मुताबिक कर रहें क्यों कि सीएम ओ साहब कों सिर्फ अपनें कमीशन से मतलब है चाहे फिर काम भ्रष्टाचार युक्त ही क्यों ना हो उन्हें कोई लेना देना नही है ऐसे में नगर अव्यवस्थित तो होगा ही !

अध्यक्ष उपाध्यक्ष भाजपा सभापति कांग्रेस ये कैसी परिषद है –

बता दे कि बीते दिनों कांग्रेस पार्टी के नगर पालिका अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष का माननीय मंत्री जी ने भाजपाई करण कर दिया और पार्षदों को छोड़ दिया जिससें परिषद भाजपा कांग्रेस मिक्स हो गई अध्यक्ष उपाध्यक्ष भाजपा के और पार्षद सभापति कांग्रेस के ! अब कोतमा नगर की सत्ता में विराजमान नगर पालिका अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष कांग्रेस पार्टी छोड़ भाजपा शामिल होकर मजे से मलाई खा रहें वही मूल भाजपाई पार्षद अपनें आपकों अपनी ही पार्टी के हाथों ठगा हुआ महसूस कर रहें है !

भाजपा में शामिल होने वालें ये जानतें थें अगर भाजपा के साथ रहेगें तो ही फायदे में रहेगें और इन्हें इसका फ़ायदा भी मिल रहा आज मिक्स परिषद द्वारा जो भी काले पीले कार्य किये जा रहें उस पर आवाज उठाने वाला कोई नही अगर विपक्ष रहता तो शायद समय समय पर हो रहें भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाता रहता !

मगर विपक्ष की भूमिका निभा रहें मूल भाजपाई तो हाथ पर हाथ धरें बैठे है वही अभी हाल ही में कांग्रेस का दामन छोड़कर नए नए भाजपाई हुए भारतीय जनता पार्टी के दामन पर दाग लगा रहें स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री दिलीप जायसवाल जी को इस ओर ध्यान देना होगा !

शासकीय भूमि पर बेखौफ कब्जा –

आज परिषद में मौजूद लोगों द्वारा खुद शासकीय भूमि पर कब्जा किया जा रहा तो कही दोस्त यार परिवार रिश्ते दारों को शासकीय भूमि पर कब्जा करनें की मौन सहमति दे दी गई है ! खुलेआम शासकीय भूमि पर कब्जा चल रहा जहाँ एक ओर नगर की सुंदरता बढ़ा रहें साग सब्जी फलफूल चाट फुल्की अन्य फुटपाथ पर दुकान लगानें वाले गरीब लोगों पर नगर प्रशासन पुलिस प्रशासन का डंडा चल रहा तो वही दूसरी ओर नगर पालिका परिषद द्वारा शासकीय गली नाली सड़क एवं बाथरूम तोड़कर अपना मकान दुरूस्त किया जा रहा चहेते ठेकेदारो को गुणा गणित करके कमीशन के फेरें में मनचाहा टेंडर दिया जा रहा जिसे देखने वाला कोई नही है !

क्या मंत्री जी बदल पाएंगे नगर की दशा और दिशा-

सवाल यह है कि क्या नगर पालिका में चल रही मनमानी भ्रष्टाचार पर रोक स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री दिलीप जायसवाल जी लगा पाएंगे जिससें नगर की दशा और दिशा बदल सकें या फिर इसी तरह भ्रष्टाचार पर भ्रष्टाचार और शासकीय भूमि पर अवैध कब्जा चलता रहेगा !